भगवान श्रीराम के पूर्वज ने की थी इस शिवलिंग की स्थापना, दर्शन को पहुंचते हैं भारी संख्या में भक्त

 भगवान श्रीराम के पूर्वज ने की थी इस शिवलिंग की स्थापना, दर्शन को पहुंचते हैं भारी संख्या में भक्त
Shiva temple

बड़े शिव धाम में भारी संख्या में शिव भक्त व कांवरिये करते हैं भगवान शिव का जलाभिषेक

भदोही. श्रावण के पवित्र माह में भदोही के गोपीगंज स्थित बाबा बड़े शिव धाम में भारी संख्या में शिव भक्त व कांवरिया भगवान शिव का जलाभिषेक करने पहुंचते हैं। कहा जाता है कि यह मंदिर मुगलकालीन है लेकिन पूर्व से यहां स्थापित शिवलिंग की स्थापना भगवान श्रीराम के पूर्वजों ने की थी।


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मुख्य मंदिर के बारे में बाबा बड़े शिव धाम सेवा समिति के प्रबंधक रामकृष्ण उर्फ खट्टू बाबा ने बताया कि यह मंदिर अति प्राचीन मुगलकालीन है और मंदिर का निर्माण लगभग 16वीं शताब्दी में हुआ। पहले मंदिर के चारों तरफ घनघोर जंगल हुआ करता था, जिसमें पलाश के वृक्ष की बहुतायत थी। जहां तक शिवलिंग की स्थापना की बात है जिसकी जानकारी किसी को नहीं।

bada shivdham


कहा जाता है कि एक बार अयोध्या के महाराजा राजा शिवि जो भगवान श्री रामचन्द्र जी के पूर्वज थे शिकार के लिए निकले थे। जंगल में आकर भूख-प्यास से व्याकुल थे तो एक साधु ने उनको दर्शन दिया और उनका भूख मिटाने  के बाद अंतर्ध्यान हो गए। जिस स्थान पर साधुओं ने उनको दर्शन दिया था महाराज ने एक शिवलिंग की स्थापना की। कालचक्र चलता रहा और वह शिवलिंग जमीन के अंदर धंस गया। धीरे-धीरे समय बीतता रहा और एक दिन एक सर्प गोपीगंज के एक धार्मिक व्यक्ति के घर आया और कहीं चलने के लिए इशारा करता रहा। लोगों ने लाठी डंडा लेकर सर्प को मारना चाहा लेकिन उस धार्मिक व्यक्ति ने सर्प को मारने से मना किया और उसके पीछे पीछे चलने लगे। सर्प के द्वारा एक जगह पहुंचकर अपना फन पटका जाने लगा। उन लोगों ने उस जगह की खुदाई कराई तो एक शिवलिंग निकला जिसकी लोगों ने स्थापना कर दी।

bada shivdham in Gopiganj



मंदिर परिसर के चारों तरफ हनुमान जी की मूर्ति गर्भगृह में नंदी की मूर्ति तथा बगल में गणेश की मूर्ति, शीतला माता की मूर्ति माता पार्वती की मूर्ति विराजमान है । मन्दिर के सामने तालाब में कमल पुष्प शुशोभित हो रहे हैं। आज से लगभग 80 वर्ष पूर्व मोरंग के राजा जो कि राजा बाबा के नाम से प्रसिद्ध हुए इसी स्थान को अपनी तपस्थली बनाया।

lord shiva temple



वहीं श्रावण मास के महीने में प्राचीन समय से कांवरियों का जत्था इलाहाबाद से गंगाजल भरकर बाबा बड़े शिव मंदिर गोपीगंज आते हैं और पूरे श्रावण मास तक बाबा का जलाभिषेक करते हैं। पूरे श्रावण मास तक बाबा बड़ेशिव धाम सेवा समिति की तरफ से कांवरियों के लिए निशुल्क दवाइयों तथा गरम पानी की व्यवस्था की जाती है और नाग पंचमी के दिन एक विशाल भंडारे का आयोजन हर वर्ष करवाया जाता है।
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