राजस्थान चुनाव 2018: भाजपा कार्यकर्ताओं पर शराब की पर्चियां बांटने का आरोप, केस दर्ज

जिला निर्वाचन अधिकारी के निर्देश पर कस्बे के मैला मैदान स्थित एक अंग्रेजी शराब ठेका पर छापा मार कार्रवाई की।

By: kamlesh

Published: 25 Nov 2018, 09:53 PM IST

डीग(भरतपुर)। विधानसभा चुनाव में मतदाताओं को लुभाने के लिए पर्चियां देकर अंग्रेजी शराब के ठेके से पव्वे बांटने के मामले में शनिवार देर शाम पुलिस ने जिला निर्वाचन अधिकारी के निर्देश पर कस्बे के मैला मैदान स्थित एक अंग्रेजी शराब ठेका पर छापा मार कार्रवाई की। मौके से शराब बांटने करीब 66 पर्चियां मिली, जिस पर आबकारी टीम ने देर रात लाईसेंसी दुकान को जांच के बाद सील कर दिया।

पुलिस ने मौके से दो सेल्समैन समेत चार जनों को गिरफ्तार किया है। प्रकरण में थाने में मुकदमा दर्ज हुआ है। इस मुकदमे में दो भाजपा कार्यकर्ताओं को भी नामजद किया है। पुलिस कार्रवाई के बाद से नामजद आरोपित फरार है, जिनकी पुलिस तलाश में जुटी हुई है। उधर, पुलिस ने रात में अन्य शराब दुकानों की जांच की।

पुलिस ने शनिवार शाम मेला मैदान स्थित लाईसेंसधारी चन्द्रपाल सिंह के अंग्रेजी शराब के ठेके पर जांच में चुनाव में शराब वितरण के लिए 66 पर्चियां बरामद की। कारवाई देर रात तक चली। पर्चियों से शराब देते हुए दो जनों को पुलिस ने हिरासत में लिया।

सेल्समैन कस्बा के मसानी मोहल्ला निवासी अशोक ठाकुर व सुरेश जाटव निवासी साद मोहल्ला तथा पर्चियों से शराब लेते हुए पकड़े बतौर ग्राहक मेघश्याम व निगोही निवासी चुन्नी गुर्जर को गिरफ्तार किया है। वहीं, दोनों ग्राहक द्वारा भाजपा पार्टी के दो कार्यकर्ता भरत टकसालियां एवं अमरनाथ गुप्ता द्वारा पर्चियां देने के बाद पुलिस ने इनकी तलाश शुरू कर दी है। दोनों आरोपित फरार हैं।

आरोपित भरत डीग भाजपा शहर मण्डल अध्यक्ष निरंजन टकसालिया के पुत्र हैं जबकि अमरनाथ इसी पार्टी के पहले शहर मण्डल अध्यक्ष रह चुके हैं। इस मामले में थानाधिकारी विश्नोई ने मुकदमा दर्ज कराया है।

आबकारी विभाग के निरीक्षक अरूण ने बताया कि ठेके पर सील के बाद उच्चाधिकारियों को ठेकेदार के विरुद्ध कार्रवाई के लिए पत्र लिखा है। मामले की जांच की जा रही है। अन्य ठेकों की भी पड़ताल कर जानकारी जुटाई जा रही है।

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned