गरीबों तक खाद्य सुरक्षा में पहुंचा...

भरतपुर. कोरोना संक्रमण में गरीब तबके के लोगों की सुविधा के उद्देश्य से सरकार ने उचित मूल्य की दुकानों पर अप्रेल माह में पुन: नि:शुल्क गेहूं का वितरण शुरू करा दिया है।

By: pramod verma

Published: 18 Apr 2020, 09:12 PM IST

भरतपुर. कोरोना संक्रमण में गरीब तबके के लोगों की सुविधा के उद्देश्य से सरकार ने उचित मूल्य की दुकानों पर अप्रेल माह में पुन: नि:शुल्क गेहूं का वितरण शुरू करा दिया है। ऐसे में खाद्य सुरक्षा से जुड़े 3.56 लाख परिवारों को प्रति यूनिट पांच किलोग्राम के हिसाब से नि:शुल्क वितरित किया जा रहा है, जिसके लिए राज्य सरकार ने 79 हजार क्विंटल गेहूं आवंटित कराया है।
जिले में लगभग 1007 राशन की दुकानें संचालित हैं। जहां से खाद्य सुरक्षा में आए बीपीएल, स्टेट बीपीएल व अन्त्योदय परिवारों को गेहूं देने का प्रावधान है। गेहूं को बीपीएल परिवारों को एक रुपए प्रतिकिलो व एपीएल परिवारों को दो रुपए किलो के हिसाब से दिया जाता है।


अब संक्रमण के बढ़ते प्रभाव से रोजीरोटी के संकट से परेशान गरीबों को खाद्य सुरक्षा में गेहूं का वितरण अप्रेल माह में दोबारा नि:शुल्क वितरित कराया जा रहा है। इससे पहले खाद्य सुरक्षा के तहत बीपीएल राशन कार्डधारी परिवारों को पांच किलोग्राम प्रति व्यक्ति (यूनिट) दिया जाता था। वहीं अन्त्योदय परिवारों को एक कार्ड पर 35 किलोग्राम निर्धारित था। अब सभी को प्रति यूनिट 5 किलो के हिसाब से गेहूं का वितरण किया जा रहा है।


कोरोना संक्रमण के संकट में राज्य सरकार खाद्य सुरक्षा से जुड़े बीपीएल, स्टेट बीपीएल, अन्त्योदय परिवारों के लगभग 03 लाख 56 हजार परिवारों को नि:शुल्क गेहूं का वितरण राशन डीलरों के माध्यम से करा रही है। इस स्थिति में सरकार ने उपभोक्ताओं के पोस मशीन पर अंगुलियों के निशान नहीं लेने के आदेश दिए हैं। लेकिन, गेहूं का वितरण ओटीपी संख्या के आधार पर देने के भी आदेश हैं, वह भी नि:शुल्क है।

भरतपुर जिला रसद अधिकारी बनवारी लाल मीणा का कहना है कि सरकार ने खाद्य सुरक्षा के तहत अप्रेल में दोबारा गेहूं भेजा है। इसका वितरण राशन की दुकानों पर नि:शुल्क किया जा रहा है, जो प्रति यूनिट पांच किलो दिया जा रहा है। इससे संक्रमण की स्थिति में खाद्य सुरक्षा वाले गरीब परिवारों को काई परेशानी नहीं आएगी।

pramod verma Reporting
और पढ़े

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned