Bharatpur news ...डाकघर में वर्षों से निष्क्रिय खाते अब होंगे चालू

भरतपुर. डाक विभाग की बैंकिंग सेवा में महज 26 सौ लोग खाता खुलवा पाए हैं। इसलिए बैंकिंग सेवा को आमजन तक पहुंचाने के उद्देश्य से विभाग ने 'समृद्धिÓ अभियान चलाया है।

By: pramod verma

Published: 07 Jul 2019, 07:01 AM IST

भरतपुर. प्रचार के अभाव में डाकघर की इंडिया पोस्ट पेमेंट बैंक (आईपीपीबी) सेवा अभी लोगों की पहुंच से दूर है। यही वजह है कि दस माह में डाक विभाग की बैंकिंग सेवा में महज 26 सौ लोग खाता खुलवा पाए हैं। इसलिए बैंकिंग सेवा को आमजन तक पहुंचाने के उद्देश्य से विभाग ने 'समृद्धिÓ अभियान चलाया है। इस अभियान से जहां निष्क्रिय हो चुके खाते चालू हो सकेंगे, वहीं लोग

जिले सहित राज्य में केंद्र सरकार ने डाकघरों को बैंकिंग सेवा से एक सितम्बर 2018 को शुभारम्भ किया गया। इसका उद्देश्य लोगों को एक छत के नीचे बैंक संबंधी सभी सुविधाओं का लाभ दिलाना है।


गौरतलब है कि जिले में 02 प्रधान डाकघर, 33 उपडाकघर व 268 डाकघर की शाखाएं हैं। इनमें करीब 06 लाख 93 हजार लोगों के आरडी, सेविंग, एनएससी, टीडी, केवीबीपी, एसीएसएस, एमआईएस, एसएसए सहित विभिन्न स्कीमों में खाते खुले हैं, जिनमें लगभग 85 हजार लोगों के बचत (सेविंग) खाते ऐसे हैं जो निष्क्रिय हैं। ये अब चालू हो सकेंगे और नए खाते खोले जा सकेंगे।

क्योंकि, विभाग के अधिकारी अब डाक महाध्यक्ष के आदेश पर समृद्धि अभियान के माध्यम से लोगों से मिलकर बैंकिंग सेवा का प्रचार करने के साथ जानकारी देने में जुटे हैं। इस सेवा से जुडऩे वाले लोग पेंशन, मनरेगा का भुगतान, नल-बिजली के बिल, राशि ट्रांसफर, विद्यार्थियों को छात्रवृति, गैस कनेक्शन की सब्सिडी आदि का लाभ ले सकेंगे।

भरतपुर में डाक अधीक्षक सत्यनारायण सैनी का कहना है कि डाकघर में आईपीपीबी बैंकिंग सेवा काफी समय से चल रही है। इससे आमजन को जोडऩे और निष्क्रिय खातों को चालू करने के लिए डाकविभाग ने समृद्धि अभियान शुरू किया है। प्रचार के माध्यम से लोगों को जोड़ेंगे।

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