कोरोना पॉजिटिव पुलिस कांस्टेबल का दर्द, मां को खोने के बाद कहा IG, SP किसी ने नहीं की मदद, भटकता रहा अस्पतालों में

रोना वायरस के संक्रमण से अपनी मां को खोने वाले एक पुलिस आरक्षक ने एक ऑडियो वायलर किया है। जिसमें अपनी बेबसी और व्यथा को बहुत मार्मिक ढंग से बताया है।

By: Dakshi Sahu

Published: 05 Apr 2021, 12:13 PM IST

भिलाई. कोरोना वायरस के संक्रमण से अपनी मां को खोने वाले एक पुलिस आरक्षक ने एक ऑडियो वायलर किया है। जिसमें अपनी बेबसी और व्यथा को बहुत मार्मिक ढंग से बताया है। अस्पताल में बेहतर उपचार कराने कैसे-कैसे वह भटका पर उसे सहयोग नहीं मिला। एक पुलिस आरक्षक होने के नाते वह लोगों के सहयोग के लिए हमेशा तत्पर रहा, लेकिन उसको कहीं मदद नहीं मिली। अपने आरक्षक साथियों को सचेत किया है और कहा है कि आईजी-एसपी कोई भी अधिकारी हमारे जरुरत पर सहयोग नहीं करते है। इसलिए संभल जाओ।

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जानिए पत्रिका के पास मिले ऑडियो में आरक्षक ने अपनी बेवसी को कैसे बयां किया
मेरा नाम....है। दुर्ग पुलिस का आरक्षक हूं। हमारे पुलिस भाइयों से निवेदन है कि आज दुर्ग जिले में ऐसी परिस्थिति बन गई है कि एक पुलिस वाले के परिवार में कोई कोरोना पॉजिटिव हुआ और आप इलाज कराने जाते है तो पर्ची लेकर घूमना पड़ेगा। पर्ची के चक्कर में घूमते हुए मरीज की मौत हो जाएगी। हम सुरक्षित नहीं है, तो मान के चलो कोई सुरक्षित नहीं है। पुलिस विभाग में कोई बचाने वाला नहीं है। मुख्यमंत्री और गृहमंत्री से निवेदन है कि ऐसा न करे और पुलिस विभाग के साथ ऐसा सुलूक न हो। वरना लाशें बिछने में देरी नहीं होगी। पुलिस परिवार और पुलिस के साथ अच्छा हो। कोरोना संक्रमित होने से मेरी मां की जिला अस्पताल में मौत हो गई। मैं भी कोरोना पॉजिटिव हूं। हो सकता है कि मैं भी इस दुनिया में न रहूं। मेरे पिता पंडित जवाहर लाल नेहरु चिकित्सालय एवं अनुसंधान केंद्र सेक्टर-9 में भर्ती है। पुलिस विभाग के भाइयों से विनती है कि बचके रहिए। विभाग में ही हमारे दुश्मन है। मैं भी करोना पॉजिटिव हो गया हूं। इलाज के लिए पूरे दुर्ग के अस्पतालों में भटका लेकिन आईजी और एसपी तक किसी ने हमारी मदद नहीं की। भाइयों हम एक पिकदान की तरह है। इस लिए खुद अपनी सुरक्षा रखे। फफक-फफक कर रोते हुए दर्द को ऑडियो के जरिए बयां किया है।

विभाग में इस तरह की चर्चा
पहले यह आरक्षक आईयूसीएडब्ल्यू में पदस्थ था। असकी पत्नी भी दुर्ग पुलिस में आरक्षक है। एक डीएसपी उसके पीछे पड़ गया। उसकी शिकायत एसपी से करके उसे लाइन अटैच करा दिया। तब से वह लाइन में ड्यूटी कर रहा है। कोरोना पॉजिटिव आरक्षक का ऑडियो वायरल होने के बाद पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया है। कोई भी अधिकारी इस मामले में कुछ भी कहने को तैयार नहीं है।

Dakshi Sahu Desk/Reporting
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