नई पंचायतों के गठन से अनजान हमारे जनप्रतिनिधि

- गाइडलाइन की जानकारी नहीं
-2011 के बाद जनसंख्या बढ़ी फिर भी नहीं हो रही है पात्र
- मांडल के साथ आसीन्द के भी हो सकेंगे दो भाग

By: Suresh Jain

Published: 07 Jul 2019, 02:49 PM IST

भीलवाड़ा।
ग्रामीण विकास एवं पंचायतीराज विभाग ने प्रदेश में नई पंचायत समितियों के गठन की राह और आसान कर दी है। अब तक दो लाख की आबादी वाली पंचायतों के गठन पर जोर था, उसे कम कर अब २०११ की जनसंख्या के आधार पर एक लाख तक की आबादी पर एक पंचायत समिति का गठन करने के आदेश दिए हैं। किसी पंचायत समिति की आबादी १ लाख ९९ हजार है तो उसके दो भाग नहीं हो सकेंगे, लेकिन २ लाख २ हजार है तो उस पंचायत समिति को दो भागों में बांटा जा सकेगा। इस आदेश से जिले में मांडल के बाद आसीन्द पंचायत समिति के भी दो भाग होने के आसार बन गए हैं। जिला परिषद की ओर से तैयार किए गए प्रस्ताव में मांडल पंचायत को दो हिस्से में बाटते हुए करेड़ा को अलग पंचायत समिति बनाने का प्रस्ताव तैयार किया था। आसींद से बदनोर को अलग करने का भी विचार चल रहा है, लेकिन इन नए आदेशों की जानकारी जनप्रतिनिधियों को पूरी तरह से नहीं होने से नई ग्राम पंचायतों व पंचायत समितियों के गठन में कई तरह की परेशानियां आ रही हैं।
आयुक्त आशुतोष एटी पेडणेकर ने अधिसूचना जारी कर बताया कि एक लाख की आबादी वाली पंचायत समिति क्षेत्र में कम से कम १५ वार्ड होंगे। किसी पंचायत समिति में एक लाख से अधिक की जनसंख्या है यानी प्रत्येक १५ हजार की आबादी पर दो वार्ड का और गठन किया जा सकेगा।
ये होगा पंचायत में वार्डों का दायरा
एक अन्य अधिसूचना के अनुसार नवसृजित तीन हजार तक की जनसंख्या वाली ग्राम पंचायतों में कम से कम पांच वार्ड होंगे। पंचायत की आबादी तीन हजार से अधिक तो ५ वार्ड तो बनाने है ही, लेकिन प्रत्येक एक हजार की आबादी पर २ और अतिरिक्त वार्ड बनाने होंगे। इस अधिसूचना के बाद जिला परिषद के कर्मचारियों का काम और बढ़ गया है। इसके चलते शनिवार को अवकाश होने के बाद भी जिला परिषद में दिनभर एक दर्जन से अधिक कर्मचारी इस कार्य में लगे हुए थे।
एक रास्ता यह भी
ग्राम पंचायत बनाने के बाद किसी राजस्व गांव की आबादी तीन से साढ़े तीन हजार रहती हो तो उसे भी नई अधिसूचाना के आधार पर ग्राम पंचायत बनाया जा सकता है, गाइड लाइन की जानकारी के अभाव में इसका लाभ लोगों को नहीं मिल रहा है।
दो लाख से अधिक आबादी
जिले में दो पंचायत समितियां मांडल व आसीन्द ही ऐसी है जिनकी आबादी २०११ की जनगणना के अनुसार दो लाख से अधिक है। मांडल की ४६ ग्राम पंचायतों की जनसंख्या २ लाख ४० हजार ५३४ है। इसी प्रकार आसीन्द की ४५ ग्राम पंचायतों में २ लाख ३९ हजार ७६० की आबादी है। प्रारम्भिक प्रस्ताव में मांडल में चार ग्राम पंचायतें नई बनाकर इसके दो भाग करते हुए करेड़ा को नई पंचायत समिति बनाई है। आसीन्द में भी चार नई पंचायतों का गठन का प्रस्ताव है। पंचायतों की संख्या बढ़कर ४९ हो गई, लेकिन इसके दो भाग नहीं किए हैं।
जनप्रतिनिधियों की राय के बिना प्रस्ताव
ग्राम पंचायत व पचायत समितियों के पुनर्गठन का काम प्रशासन अपने स्तर पर कर रहा है। इसके लिए किसी जनप्रतिनिधि से राय नहीं ली जा रही है। इस संबंध में बैठक तक नहीं हुई। १५ जुलाई से आपत्तिया मागेंगे तब परेशानी आएगी।
शक्तिसिंह हाड़ा, जिला प्रमुख

Suresh Jain Reporting
और पढ़े

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned