घोड़ों में एेसी क्या बीमारी हुई जो मेले में जाने पर लगी रोक

patrika.com/rajsthan news

By: jasraj ojha

Updated: 12 Oct 2018, 08:55 PM IST

भीलवाड़ा । घोड़े-घोड़ी में ग्लेण्डर्स रोग फैल रहा है। इसे देखते हुए प्रदेश में होने वाले पशु मेलों व प्रदर्शनियों में भाग लेने से पूर्व घोड़ों की एलिसा अथवा सीएफ.टी जांच करवानी अनिवार्य कर दी गई है। स्वस्थ होने पर ही पशु मेला पुष्कर में प्रवेश दिया जाएगा। पशुपालन विभाग के संयुक्त निदेशक ने बताया कि ग्लेण्डर्स के सर्वेक्षण तथा निदान के लिए 15 से 20 अक्टूबर तक नजदीकी राजकीय पशु चिकित्सालय से संपर्क कर जांच के लिए सीरम सैंपल का संग्रहण कराना होगा। जांच रिपोर्ट दस दिवस बाद संबंधित पशु चिकित्सालय या जिला कार्यालय से प्राप्त की जा सकती है। पशु मेलों में घोड़ों के साथ प्रवेश करते समय पालक का का वैध फोटो पहचान पत्र साथ रखना होगा।चिंता इसलिएचिकित्सकों के अनुसार जिस प्रकार बर्ड फ्लू पक्षियों से और स्वाइन फ्लू सुअरों के संपर्क में आने से मानवों में फैलता है। वैसे ही पशुओं से ग्लैंडर्स या अन्य बीमारियां मनुष्यों में फैल सकती हैं। इसे जूनोसिस कहते हैं। नवंबर 2016 में ग्लैंडर्स का पहला मामला धौलपुर में मिला था। अब विभाग ने अलर्ट भी जारी किया था, लेकिन इसे गंभीरता से नहीं लिया गया। उदयपुर में पिछले साल 1 जून को एेसा ही मामला सामने आया था। अब तक ग्लैंडर्स ग्रसित 27 घोड़ों को इंजेक्शन देकर मारा जा चुका है।


क्या है ग्लैंडर्स

यह बीमारी बुर्खोलडैरिया मैलिआई नामक जीवाणु से होती है। गधों व खच्चरों को यह बीमारी तेजी से होती है। घोड़ों में काफी लंबे समय तक चलती है। बीमारी प्रभावित जानवर का झूठा खाने व सांस से सक्रमण होता है। केन्द्र ने इसलिए नोटिफिकेशन राज्यों को दिया है, क्योंकि इस बीमारी से सिर्फ घोड़े ही नहीं, बल्कि संपर्क में आने वाले इंसान भी ग्रसित हो सकते हैं।


क्या हैं लक्षण

ग्लैंडर्स जीवाणु जनित है। यह बदलते मौसम में घोड़ों, गधों और खच्चरों में फैलती है। बीमारी दो तरह से होती है। पहले में बहुत तेजी से पशु बीमार होता है। उसकी नाक बहने लगती है व बुखार होता है। उपचार में देरी हुई तो सात दिन में ग्रसित पशु की मौत हो जाती है। दूसरी, बहुत धीरे तरह से यह बीमारी होती है। इसमें जोड़ों में गांठें बन जाती हैं। धीरे-धीरे गांठों में मवाद बन जाता है। करीब एक से दो माह में पशु की मौत हो जाती है।

 

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