Weather Forecasts: पूरे राज्य में बारिश की चेतावनी, अब होगी अच्छी बारिश

एक माह की रुकावट के बाद एक बार फिर जोरदार बारिश की संभावना...।

By: Manish Gite

Published: 02 Aug 2020, 07:25 PM IST

 

भोपाल। एक माह से बारिश के लिए तरस रहे प्रदेश के कुछ जिलों में एक बार फिर बारिश का दौर शुरू हो रहा है। मौसम विभाग ने 4-5 अगस्त में बारिश की गतिविधियां बढ़ने की बात कही है। मौसम विभाग ने पूरे प्रदेश में ही बारिश की संभावना जताई है। इसके अलावा कुछ जिलों में बिजली गिरने की भी आशंका जताई है।


यहां होगी बारिश :-:

मौसम विभाग ने रविवार को बुलेटिन जारी कर कहा है कि अगले 24 घंटों के दौरान प्रदेश के सभी संभागों में बारिश का दौर शुरू हो रहा है। पूरे प्रेदश में बारिश या गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने का पूर्वानुमान (Weather Forecasts ) है।

 

यहां बिजली गिरने का अलर्ट :-:

मौसम विभाग ने प्रदेश के रीवा, ग्वालियर और चंबल संभागों में और रतलाम, नीमच और मंदसौर जिले में गरज-चमक के साथ बिजली चमकेगी। इसके अलावा इनमें से कुछ स्थानों पर बिजली गिरने की भी आशंका है। मौसम विभाग ने इसके लिए यलो अलर्ट जारी किया है।

 

बारिश का दौर शुरू हुआ :-:

प्रदेश में पिछले 24 घंटों के दौरान कई संभागों के बारिश का दौर शुरू हो गया। सागर, रीवा, शहडोल, भोपाल, होशंगाबाद, इंदौर और ग्वालियर संसभागों के जिलों में कुछ स्थानों पर तथा चंबल, जबलपुर और उज्जैन संभागों के जिलों में कहीं-कहीं बारिश दर्ज की गई।

 

यहां हुई बारिश :-:

प्रदेश के चतारा में 6, सोहागपुर, दतिया, आमला में 5, हनुमना, जबलपुर, मुंगावली, कुरवाई, ग्यारसपुर, श्योपुर, में 4, चनोदी, बथिगढ़, निवाड़ी, सीहोर, भगवानपुरा में 3-3 सेमी बारिश दर्ज की गई।

 

मालवा भी बारिश के लिए तरसा :-:

बारिश के मौसम के दो माह बीत चुके हैं, लेकिन इंदौर में औसत सेस भी काफी कम बारिश हुई है। अब अगस्त और सितम्बर माह में ही बारिश की उम्मीद है। मौसम विभाग के मुताबिक इंदौर में 76 साल पहले 1944 में अगस्त में 28 इंच बारिश हुई थी, जो इतिहास में अब तक की अगस्त की सर्वाधिक बारिश के रूप में दर्ज है। इसके अलावा 121 साल पहले 1899 में अगस्त माह सबसे सूखा रहा था। यहां अगस्त में 0.6 इंच बारिश दर्ज की गई थी, जो एक इंच से भी कम थी।

 

अगस्त और सितम्बर से उम्मीद :-:

चार माह के बारिशश के मौसम में से दो माह बीत गए हैं, अब तक 12 इंच बारिश दर्ज की गई है। यह शहर की कुल औसत बारिस 37.5 इंच के 33 प्रतिशत के बराबर है। इसे देखते हुए अब शेष 67 प्रतिशत बारिश की उम्मीद अगस्त और सितम्बर से लगाई जा रही है।

 

क्या कहते हैं मौसम वैज्ञानिक

मौसम वैज्ञानिक शैलेंद्र नायक के मुताबिक मानसून द्रोणिका का पश्चिमी भाग अपने सामान्य स्थिति के निकट है। हालाँकि, पूर्वी भाग सामान्य स्थिति उत्तर की ओर स्थित है।

-मध्य स्तरों में पूर्व-पश्चिम अपरूपण क्षेत्र (ईस्ट-वेस्ट शियर जोन) कल से थोड़ा उत्तर की ओर खिसक गया है। पश्चिमी तट साथ में निचले स्तर की पश्चिमी हवाएं और मजबूत हो गईं है।

-पूर्व से एक कम दबाव प्रणाली के अवशेष उत्तरी बंगाल की खाड़ी में समाहित की संभावना है और इसके प्रभाव में, 04 अगस्त के आसपास एक कम दबाव का क्षेत्र उत्तरी बंगाल की खाड़ी में बनने की संभावना है।

-उत्तर-दक्षिण दबाव प्रवणता में वृद्धि के परिणामस्वरूप, 03 अगस्त से मानसून का प्रवाह और मजबूत होने की संभावना है।

-उपरोक्त परिदृश्य के तहत, 03 वें 05 अगस्त के दौरान, मध्य प्रदेश में वर्षा की तीव्रता और स्थानिक वितरण में क्रमिक वृद्धि का अनुभव होने की संभावना है।

-आगामी 24 घण्टों के दौरान पूर्वोत्तर एवं दक्षिण पश्चिम मध्य प्रदेश कहीं-कहीं आकाशीय बिजली के साथ-साथ माध्यम से तेज आंधी की संभावना है।

-आगामी 24 घंटो के बाद के 24 घंटों पश्चिम मध्य प्रदेश में आकाशीय बिजली के साथ-साथ माध्यम से तेज आंधी के साथ कहीं-कहीं भारी वर्षा की संभावना है।

-इसके बाद 5 अगस्त तक भी मध्य प्रदेश में आकाशीय बिजली के साथ-साथ माध्यम से तेज आंधी के साथ कहीं-कहीं भारी वर्षा की संभावना है।

-आगामी 6 से 8 अगस्त दौरान पश्चिमी मध्य प्रदेश में कहीं-कहीं कहीं-कहीं भारी से बहुत भारी वर्षा की संभावना है।

Show More
Manish Gite
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned