MP में कांग्रेस का चीफ कौन होगा, बड़े नेताओं की सक्रियता से बने नए समीकरण

राज्य में अगले साल विधानसभा चुनाव हैं। चुनाव में चेहरा कौन हो, इसको लेकर हलचल तेज हो गई है। पूर्व केन्द्रीय मंत्री कमलनाथ, ज्योतिरादित्य सिंधिया की सक्रियता भी बढ़ी है।


भोपाल. राज्य में अगले साल विधानसभा चुनाव हैं। चुनाव में चेहरा कौन हो, इसको लेकर हलचल तेज हो गई है। पूर्व केन्द्रीय मंत्री कमलनाथ, ज्योतिरादित्य सिंधिया की सक्रियता भी बढ़ी है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अरुण यादव और विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह में नए समीकरण सामने आए हैं। नाथ और सिंधिया खेमे से इनके नाम आए दिन सामने आते रहते हैं। खुले मंच से भी उनको कमान दिए जाने की मांग उठ चुकी है। हाल ही में भोपाल में हुए सत्याग्रह में मंच और पंडाल से सिंधिया का नाम सामने आया।

हालांकि, मंच पर मौजूद सिंधिया ने इस पर कोई टिप्पणी नहीं की। इस मंच पर कमलनाथ मौजूद नहीं थे। इसके पहले अन्य मंचों पर कमलनाथ के नामों की गूंज हो चुकी है। निर्णय हाईकमान को करना है, लेकिन हाईकमान ने चुप्पी साध रखी है। अजय सिंह और अरुण यादव भी चर्चाओं में हैं। ये दोनों नेता अब आंदोलनों में एक साथ शामिल हो रहे हैं।

सोमवार को सागर में हुए किसान आंदोलन में ये एक साथ नजर आए। यहां इनके अलावा कोई बड़ा नेता मौजूद नहीं था। भोपाल के सत्याग्रह और धार जिले के खलघाट में ये साथ नजर आए। हालांकि, यहां यादव का शक्ति प्रदर्शन था, लेकिन अजय सिंह का पूरा समर्थन रहा। 

विधानसभा सत्र के दौरान तो विधायकों ने इनके पक्ष में खुलकर बोला। इन नेताओं में भी कभी समर्थकों को रोकने की कोशिश नहीं की। अब किसान आंदोलन के दौरान भी चेहरे को लेकर चर्चा शुरू हो गई है। वे आंदोलनों में एक साथ मंच पर नजर आने लगे हैं। कार्यक्रम इनके नेृतत्व में ही हुआ।

नई जिम्मेदारी के साथ, नजदीकियां
नेता प्रतिपक्ष की जिम्मेदारी मिलने के साथ ही अजय सिंह व अरुण यादव में नजदीकियां बढ़ी हैं। कार्यभार ग्रहण करने के पहले अजय सिंह का यादव ने पीसीसी में स्वागत किया था।  ये समय-समय पर मंच पर भी साथ दिखे। एक खेमा यादव विरोधी है। ऐसे में यादव को अजय का साथ अच्छे संकेत हैं। सिंधिया, कमलनाथ खेमा भी हार मानने को तैयार नहीं है। 
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Manish Gite
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