बागी विधायकों पर कांग्रेस की नजर

बागी विधायकों पर कांग्रेस की नजर

Harish Divekar | Publish: Oct, 24 2018 07:04:17 PM (IST) Bhopal, Madhya Pradesh, India

सेबोटेज को रोकने बनाई रणनीति

सत्ता वापसी का ख्वाब देख रही कांग्रेस के लिए गुटबाजी और चुनाव में भितरघात का ख़तरा बड़ी चुनौती है।

टिकट के लिए दावेदारी पेश कर रहे नेता टिकट वितरण के बाद बागी बनकर अपनी पार्टी को नुकसान ना पहुंचाएं यही चिंता कांग्रेस को सता रही है, जिसके चलते कांग्रेस ने भी रणनीति बनाई है।

कांग्रेस ने टिकट बंटवारे से पहले ही बगावत की संभावना को देखते हुए जासूसों की फौज तैयार की है। सभी दावेदारों पर नजर बनाए हुए हैं।
दरअसल, हाल ही में गोवा में कांग्रेस सरकार बनाने का दावा कर रही थी। लेकिन उसे तब बड़ा झटका लगा जब पार्टी के दो विधायक बीजेपी में शामिल हो गए।

एमपी में भी टिकट बंटवारे के बाद कोई एेसा मामला सामने न पेश आए इसलिए पार्टी ने सतर्कता बरतते हुए अपने नेताओं की निगरानी शुरू कर दी है। ये जासूस कोई और नहीं बल्कि पार्टी के ही आंदरूनी कार्यकर्ता हैं।

 

जो दावेदारों के हर कदम की जानकारी पार्टी को भेज रहे हैं।

इन जासूसों को अहम जानकारी देने का दायित्व सौंपा गया है। दावेदारों की मंडली में शामिल होकर इन्हें ये जानना होगा कि अगर टिकट नहीं मिलता है तो दावेदारों का रुख क्या होगा।

क्या वह पार्टी से बगावत कर सकते हैं। या फिर जिसे टिकट मिलेगा उसके लिए ही प्रचार करेंगे।
ये जासूस फील्ड में पूरी तरह से सक्रिय हो गए हैं। रोजाना के घटनाक्रम की जानकारी आला नेताओं तक पहुंचाने लगे हैं। अगर कोई दावेदार बीजेपी के संपर्क में आता है तो तत्काल सीनियर लीडर को ये जासूस खबर देते हैं।

इंदौर की बात कि जाए तो यहां शहर की इंदौर-1 और 5 विधानसभा पर दो दर्ज से अधिक दावेदार टिकट की चाहत पाले बैठे हैं। हालांकि, कांग्रेस का दावा है कि बीजेपी-बीएसपी के नेता कांग्रेस में शामिल होना चाहते हैं। वह सभी हमारे संपर्क में भी हैं।

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