scriptRecognition of 200 nursing colleges canceled | 200 नर्सिंग कॉलेजों की मान्यता निरस्त- एक लाख विद्याथियों के भविष्य पर संकट | Patrika News

200 नर्सिंग कॉलेजों की मान्यता निरस्त- एक लाख विद्याथियों के भविष्य पर संकट

- नर्सिंग काउंसिल ने भेजी सूची, एक लाख विद्याथियों के भविष्य पर संकट
- सत्र शुरू होने के एक वर्ष बाद हुई कार्रवाई
- नर्सिंग कॉलेजों में पढ़ रहे बच्चों का भविष्य पर संकट में
- पिछले सत्र की मान्यता अब हुई जारी, कॉलेज संचालक भी परेशान

भोपाल

Published: June 21, 2022 06:05:06 pm

खंडवा@हरिनाथ द्विवेदी

मध्यप्रदेश नर्सिंग काउंसिल ने प्रदेश के करीब 200 नर्सिंग कॉलेजों की मान्यता निरस्त कर दी है। नर्सिंग कॉलेजों से सम्बद्ध अस्पतालों का फर्जीवाड़ा सामने आने के बाद यह कार्रवाई की गई। सबसे ज्यादा भोपाल और ग्वालियर संभाग के कॉलेज इससे प्रभावित हुए हैं।

nursing_college.png

सत्र शुरू होने के एक वर्ष बाद जारी हुई (वर्ष 2021-22 के लिए) मान्यता में पूर्व से स्थापित कई कॉलेज को बंद कर दिया गया है। इससे नर्सिंग कॉलेजों में पढ़ रहे करीब एक लाख बच्चों के भविष्य पर संकट आ गया है। प्रवेशित सत्र की मान्यता निरस्त होने से कॉलेज के संचालक मुखर हो गए हैं। कागजों पर खुले अस्पतालों की पोल खुलने के बाद नर्सिंग काउंसिल ने पूरे प्रदेश में ये कार्रवाई की।

नर्सिंग कॉलेज में पढ़ने वाले विद्यार्थियों की क्लीनिकल ट्रेनिंग के लिए अस्पताल की जरूरत होती है, लेकिन नर्सिंग कॉलेज संचालकों ने अस्पताल कागजों पर ही खोल लिए थे।

इसका मामला पहली बार तब सामने आया जब कोरोना काल में मरीजों को भर्ती करने के लिए इन अस्पतालों के पास व्यवस्था नहीं मिली। इसके बाद पूरे प्रदेश में अस्पतालों की जांच हुई, और बड़ी संख्या में अस्पतालों को बंद कर दिया गया।

अब नर्सिंग काउंसिल ने नर्सिंग कॉलेजों की भी जांच करवाई है। उसके बाद कार्रवाई का डंडा चलाया। नर्सिंग काउंसिल ने अप्रेल 22 के दूसरे सप्ताह में नर्सिंग कॉलेजों की मान्यता की सूची कॉलेजों के लॉगिन पर भेजी। मान्यता निरस्त होने की जानकारी मिलने के बाद कॉलेज संचालक सकते में आ गए, क्योंकि उन्हें न सिर्फ कॉलेज बंद करना पड़ेगा, बल्कि पूर्व से प्रवेशित अलग-अलग सत्रों के विद्यार्थियों को भी समायोजित करना होगा। कॉलेजों में पूर्व से पढ़ रहे विद्यार्थियों को कहां समायोजित किया जाएगा इसके बारे में अभी तक काउंसिल ने कोई निर्णय नहीं लिया है।

बिगड़ेगा अनुपात, टूटेंगे नियम
मान्यता निरस्त होने वाले कॉलेजों के अलग-अलग वर्षों में पढ़ रहे करीब एक लाख बच्चों को जिन कॉलेजों में समायोजित किया जाएगा वहां भी अस्पताल में क्लीनिकल ट्रायल का अनुपात टूटेगा।

दरअसल, 100 बेड के अस्पताल पर क्लीनिकल ट्रेनिंग के लिए कॉलेज को 30 विद्यार्थी को पढ़ाने की अनुमति होती है, इसमें द्वितीय और तृतीय वर्ष के बच्चे भी क्लीनिकल ट्रॉयल करते हैं। इस तरह एक बेड पर एक बच्चे को सीखने का मौका मिलता है। किसी कॉलेज में बंद होने वाले कॉलेजों के बच्चों को समायोजित किया जाता है, वहां अस्पताल की सीट और बच्चों के अनुपात का मानक टूटेगा।

नर्सिंग काउंसिल का निर्णय गलत है, इसके खिलाफ हम मंत्री से शिकायत करेंगे। पिछले सत्र की मान्यता प्रवेश प्रक्रिया पूरी होने के बाद जारी की, जबकि कॉलेजों में विद्यार्थियों का प्रवेश हो चुका है। अभी सूची सार्वजनिक नहीं हुई, लेकिन पूरे प्रदेश में 200 से अधिक कॉलेजों की मान्यता निरस्त हुई है।

- नवीन सैनी, उपाध्यक्ष, नर्सिंग कॉलेज संचालक एसोसिएशन

मान्यता की सूची सार्वजनिक क्यों नहीं की गई है, इस संदर्भ में रजिस्ट्रार से जवाब तलब किया जाएगा। सूची सार्वजनिक होनी चाहिए। कॉलेजों को रिव्यू भी कर रहे हैं, ग्वालियर के कुछ कॉलेज संसोधित हुए हैं। बच्चों के हित की रक्षा भी नियमानुसार की जाएगा।

- निशांत बरवड़े, आयुक्त चिकित्सा शिक्षा, मप्र सरकार

( वहीं इस संदर्भ में नर्सिंग काउंसिल की रजिस्ट्रार सुनीता सीजू को फोन, एसएमएस और वाट्सऐप पर बात करने की कोशिश की गई, लेकिन उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया )

सबसे लोकप्रिय

शानदार खबरें

Newsletters

epatrikaGet the daily edition

Follow Us

epatrikaepatrikaepatrikaepatrikaepatrika

Download Partika Apps

epatrikaepatrika

Trending Stories

Monsoon Alert : राजस्थान के आधे जिलों में कमजोर पड़ेगा मानसून, दो संभागों में ही भारी बारिश का अलर्टमुस्कुराए बांध: प्रदेश के बांधों में पानी की आवक जारी, बीसलपुर बांध के जलस्तर में छह सेंटीमीटर की हुई बढ़ोतरीराजस्थान में राशन की दुकानों पर अब गार्ड सिस्टम, मिलेगी ये सुविधाधन दायक मानी जाती हैं ये 5 अंगूठियां, लेकिन इस तरह से पहनने पर हो सकता है नुकसानस्वप्न शास्त्र: सपने में खुद को बार-बार ऊंचाई से गिरते देखना नहीं है बेवजह, जानें क्या है इसका मतलबराखी पर बेटियों को तोहफे में देना चाहता था भाई, बेटे की लालसा में दूसरे का बच्चा चुरा एक पिता बना किडनैपरबंटी-बबली ने मकान मालिक को लगाई 8 लाख रुपए की चपत, बलात्कार के केस में फंसाने की दी थी धमकीराजस्थान में ईडी की एन्ट्री, शेयर ब्रोकर को किया गिरफ्तार, पैसे लगाए बिना करोड़ों की दौलत

बड़ी खबरें

बिहारः जदयू और भाजपा के बीच तकरार की वो पांच वजहें, जिससे टूटने के कगार पर पहुंची नीतीश कुमार सरकारहिंदुओं को अल्पसंख्यक घोषित करना अदालत का काम नहीं: सुप्रीम कोर्टFBI का छापा : अमरीका में भी भारत की तरह छापेमारी, Donald Trump के फ्लोरिडा वाले घर पर FBI की रेडCWG 2022: शूटिंग के बिना भारत ने जीते 61 मेडल, चौथे नंबर पर खत्म किया कॉमनवेल्थ का सफरMaharashtra Cabinet Expansion: सुबह 11 बजे से नए मंत्रियों का शपथ ग्रहण समारोह, उद्धव सरकार में मंत्री रहे इन चेहरों को भी मिल सकती है जगहबिहार में टूट के कगार पर भाजपा-जदयू गठबंधन! JDU की आज CM नीतीश के घर पर निर्णायक बैठकएक साल की उम्र में हुआ पोलियो, पैसे की कमी के चलते नहीं हुआ इलाज़, भावुक कर देगी गोल्ड मेडलिस्ट भाविना पटेल की कहानीHDFC ने दिया ग्राहकों को झटका, 10 दिन में दूसरी बार बढ़ाई होम लोन की ब्याज दरें
Copyright © 2021 Patrika Group. All Rights Reserved.