scriptsaif ali khan mother sharmila tagore birthday special | कई महलों की मालकिन बन गई बॉलीवुड की यह एक्ट्रेस, दौलत देख सभी हो जाते हैं हैरान | Patrika News

कई महलों की मालकिन बन गई बॉलीवुड की यह एक्ट्रेस, दौलत देख सभी हो जाते हैं हैरान

saif ali khan mother sharmila tagore- मुंबई से लेकर हरियाणा तक, विदेशों से लेकर भोपाल तक कई महल हैं इनके पास...।

भोपाल

Updated: December 07, 2021 05:52:09 pm

भोपाल। मध्यमवर्गीय परिवार में जन्मी शर्मीला टैगोर ने कभी नहीं सोचा था कि बॉलीवुड के साथ ही नवाब खानदान की बहू बन जाएंगी। जो शौहरत बॉलीवुड में शर्मिला टैगोर को मिली है, उससे कहीं ज्यादा नवाब खानदान की दौलत के कारण भी मिली है। फिल्म जगत में सबसे ज्यादा दौलतमंदों शर्मिला टैगोर का नाम सबसे ऊपर लिया जाता है।

sharmila.png

patrika.com आपको बता रहा है बॉलीवुड एक्ट्रेस के जन्म दिवस के मौके पर उनसे जुड़े दिलचस्प किस्से...।

आयशा नाम है शर्मिला का

यह बहुत ही कम लोग जानते होंगे कि नवाब मंसूर अली खां पटौदी की पत्नी का नाम आयशा सुल्तान है। इस्लाम धर्म कबूल करने के बाद फिल्म अभिनेत्री शर्मिला टैगोर का नाम आयशा सुल्तान हो गया है। मंसूर अली खान की मां ने यह शर्त रखी थी कि यदि शर्मिला इस्लाम कबूल करेगी तो ही शादी कर पाएंगी। शर्मिला ने इस्लाम कबूल किया। बताया जाता है कि चिकलोद कोठी पर ही यह रस्म निभाई गई थी।

नवाब पटौदी की तीन संतान हैं। बड़ा बेटा सैफ, सबा और सोहा तीसरे नंबर की है। सैफ फिल्म एक्टर हैं, सबा फैशन डिजाइनर हैं और सोहा भी फिल्म एक्ट्रेस हैं। सैफ अली खान की पत्नी बनने के बाद करीना कपूर भी पटौदी खानदान की सदस्य बन गई है। अब उनके भी दो बेटे हैं।

भारतीय क्रिकेट टीम में कप्तान रहे मंसूर अली खान की पत्नी शर्मिला का जन्म 8 दिसंबर 1944 को हुआ था। एक मध्यम परिवार में जन्मी शर्मिला और मंसूर अली खान से शादी के चर्चे आज भी याद किए जाते हैं। शर्मिला अपनी बच्चों के साथ खानदानी प्रापर्टी की देखरेख करती हैं। पटौदी खानदान की हरियाणा, दिल्ली और भोपाल रियासत में अरबों रुपयों की प्रापर्टी है। उनकी बड़ी बेटी सबा अली औकाफ-ए-शाही के पेंडिंग कामों को निपटाने के लिए अक्सर भोपाल आती हैं।

saif3.jpg

फ्लैग हाउस की कीमत एक अरब से अधिक

भोपाल नवाब कका फ्लैग हाउस उनकी शान रहा करता था। यही हाउस आज विवादों में है। इसकी कीमत एक अरब से ज्यादा बताई जाती है। इस कोठी में नवाब काल का एंटीक सामान सहेजकर रखा गया है।

nawab.jpg

रॉयल पटौदी पैलेस

मंसूर अली खान पटौदी के खानदान की इस प्रॉपर्टी की कीमत करीब 800 करोड़ रुपए से अधिक बताई जाती है। अब इसे हेरिटेज होटल बना दिया गया है।

यहां है शाही निवास

भोपाल के कोहेफिजा में शाही निवास है। इसके एक हिस्से में कॉलेज बन चुका है और दूसरे हिस्से में नवाब के वारिस स्कूल चलाते हैं। इसकी कीमत भी अरबों में बताई जाती है।

flag.jpg

जमीन भी हजारों एकड़

नवाब खानदान की जमीनों का आंकलन भी हजारों एकड़ में लगाया जाता है। भोपाल और आसपास के जिले रायसेन, विदिशा और सीहोर जिलों में सैकड़ों एकड़ जमीन है जो नवाब खानदान के नाम पर है। एक अनुमान के मुताबिक भोपाल के नवाब खानदान के उत्तराधिकारी सैफ अली खान और उनके परिवार के पाश करीब 5 हजार करोड़ से अधिक की संपत्ति है। कई एकड़ जमीनों पर दूर के रिश्तेदारों ने कब्जा कर रखा है, कई जमीनों के केस कोर्ट में चल रहे हैं।

दरगाह और मस्जिद में है

भोपाल में नवाबों की ओर से बनाई गई इस मस्जिद और दरगाह की संपत्ति की देख-रेख एक ट्रस्ट करता है। इसे औकाफ-ए-शाही कहा जाता है। मक्का और मदीना की धर्मशाला भी यही ट्रस्ट संभालता है। यह भी नवाब की प्रापर्टी है।

काफ-ए-शाही की संपत्ति है आरिफ नगर

बाग नुजहत अफजा (आरिफ नगर) की भूमि को संस्था की बताते हुए सबा ने कहा कि यहां से अवैध कब्जा हटाने के हाईकोर्ट से आदेश हो चुके हैं, लेकिन जिला प्रशासन इस मामले में कार्रवाई नहीं कर रहा है।

चिकलोद कोठी है पटौदी की शान

रायसेन जिले का यह क्षेत्र नवाब का शिकारगाह था। इसी के जंगल और तालाब के किनारे खूबसूरत चिकलोद कोठी है। यह कोठी इसलिए भी खास है क्योंकि यहां देश के प्रथम प्रधानमंत्री पं. जवाहरलाल नेहरू भी रुकते थे। वे भोपाल नवाब हमीदुल्ला खां की पत्नी मैमूना सुल्तान के कहने पर अक्सर यहां रुकते थे। पं. नेहरू यहां प्रोटोकॉल तोड़कर चले आते थे।

9वें नवाब थे मंसूर अली खान

1917 से 1952 इफ्तिखार अली हुसैन सिद्दिकी पटौदी रियासत के 8वें नवाब थे। इफ्तिखार अच्छे क्रिकेटर भी थे। वे पहले इंग्लैंड टीम की तरफ से खेला करते थे। उसके बाद भारतीय टीम के कप्तान भी बने। इफ्तिखार के इंतकाल के बाद पटौदी रियासत के 9वें नवाब मंसूर अली खां पटौदी बने, जिन्हें सब टाइगर पटौदी के नाम से जानने लगे। अपने पिता की तरह वे भी भारतीय क्रिकेट टीम में खेले और कप्तान भी बने। 22 सितंबर 2011 को मंसूर अली खां पटौदी का इंतकाल फेफड़ों की बीमारी के कारण हो गया था।

अब नवाब सैफ अली खान

हरियाणा के गुड़गांव से 25 किलोमीटर दूर अरावली की पहाड़ियों में स्थित है पटौदी रियासत। इस रियासत का इतिहास 200 वर्ष पुराना बताया जाता है। इस रियासत के 9वें नवाब मंसूर अली उर्फ टाइगर के इंतकाल के बाद 2011 में उनके बेटे सैफ अली खान को 10वां नवाब बनाया गया।

पटौदी में भी हैं हवेलियां

हरियाणा के पटौदी पैलेस में अक्सर बॉलीवुड फिल्मों की शूटिंग भी होती है। अब तक यहां लव, मंगल पांडे, वीर ज़ारा और रंग दे बसंती जैसी चर्चितफिल्मों की शूटिंग हो चुकी है।

महल में ही है कब्र

नवाब मंसूर अली खां पटौदी के इंतकाल के बाद उन्हें महल परिसर में ही सुपुर्दे खाक किया गया था। उनकी कब्र के बगल में ही दादा-दादी और पिता की भी कब्र है।

एक नजर

  • शर्मिला का जन्म हैदराबाद के एक हिन्दू बंगाली परिवार में हुआ था।
  • पिता गितेन्द्रनाथ टैगोर उस समय एल्गिन मिल्स की ईस्ट इंडिया कंपनी के मालिक, उप-महाप्रबंधक थे।
  • नवाब पटौदी से शर्मिला का विवाह 1968 में हुआ।
  • बारात शर्मिला के कोलकाता के आवास पर आई थी। शादी के लिए छत पर शामियाना तानकर विशेष व्यवस्था की गई थी।
  • शर्मिला को कलमा पढ़ाकर मुस्लिम बनाया गया। उनका नाम रखा 'आयशा सुल्ताना'। हालांकि वे दुनिया के लिए अब तक शर्मिला टैगोर ही हैं।
  • 13 साल की उम्र में सत्यजित राय की फिल्म 'अपू-त्रयी' की तीसरी फ़िल्म 'अपूर संसार' में शर्मिला को मौका मिला।
  • बॉलीवुड में भी बांग्ला फ़िल्मकार शक्ति सामंत ने अपनी रोमांटिक फ़िल्म 'कश्मीर की कली' (1964) बनाई, जिससे वे फिल्म जगत में चर्चित चेहरा बन गई।
  • फ़िल्म आराधना ने उन्हें हमेशा के लिए स्टार बना दिया।

सबसे लोकप्रिय

शानदार खबरें

Newsletters

epatrikaGet the daily edition

Follow Us

epatrikaepatrikaepatrikaepatrikaepatrika

Download Partika Apps

epatrikaepatrika

बड़ी खबरें

गोवा में कांग्रेस के साथ कोई गठबंधन नहीं, NCP शिवसेना के साथ मिलकर लड़ेगी चुनावAntrix-Devas deal पर बोली निर्मला सीतारमण, यूपीए सरकार की नाक के नीचे हुआ देश की सुरक्षा से खिलवाड़Delhi Riots: दिलबर नेगी हत्याकांड में हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, 6 आरोपियों को दी जमानतDelhi: 26 जनवरी पर बड़े आतंकी हमले का खतरा, IB ने जारी किया अलर्टपंजाबः अवैध खनन मामले में ईडी के ताबड़तोड़ छापे, सीएम चन्नी के भतीजे के ठिकानों पर दबिशनंदादेवी ट्रेन के एसी कोच में शॉर्ट सर्किट, धुआं निकलने से मचा हड़कंपRepulic Day Parade 2022: आजादी के 75 साल, 75 लड़ाकू विमान दिखाएंगे कमालLeopard: आदमखोर हुआ तेंदुआ, दो बच्चों को बनाया निवाला, वन विभाग ने दी सतर्क रहने की सलाह
Copyright © 2021 Patrika Group. All Rights Reserved.