अब नहीं जा पाएंगे यार हुक्का बार, ई-सिगरेट पीकर बनोगे सिकंदर तो हो जाओगे अंदर

अब नहीं जा पाएंगे यार हुक्का बार, ई-सिगरेट पीकर बनोगे सिकंदर तो हो जाओगे अंदर

Brijesh Singh | Updated: 18 Jul 2019, 05:36:50 PM (IST) Bhubaneswar, Khordha, Odisha, India

Hookah Bar Near Me: ओडिशा में सरकार ने ई-सिगरेट व अन्य इलेक्ट्रानिक निकोटिन डिलीवरी सिस्टम जैसे ई-हुक्का आदि पर राज्य में रोक लगा दी है।

( भुवनेश्वर, महेश शर्मा ) । ओडिशा में हुक्का-पानी के इलेक्ट्रानिक उपकरणों पर बैन लगा दिया गया है। सरकार ने ई-सिगरेट व अन्य इलेक्ट्रानिक निकोटिन डिलीवरी सिस्टम ( Electronic Nicotin Delevery System ) जैसे ई-हुक्का आदि पर राज्य में रोक लगा दी है। इसके लिए सरकार की ओर से अधिसूचना जारी कर दी गई है। ड्रग्स एंड कास्मैटिक एक्ट के तहत यह प्रतिबंध लगाया गया है। इसके निर्माण, बिक्री और उपयोग, विज्ञापन पर भी रोक लगा दी गई है। इसे सेहत के लिए खतरनाक माना जा रहा है। सरकार पुलिस महकमे को भी निर्देशित किया गया है कि ऐसा करने वालों के खिलाफ सख्ती से निपटे। छापामारी शुरू करें।

 

सो रही थी राज्य सरकार, ऐसे पता चला...

Hookah Bar Near Me

दरअसल राज्य सरकार ( Odisha government ) तब होश में आई जब उसे पता चला कि ई-सिगरेट ( E cigarette ), ई-हुक्का का उपयोग बार, क्लब, पार्टी, होम पार्टी आदि में जमकर प्रयोग किया जा रहा है। इलेक्ट्रानिक सिगरेट, ई-सिगरेट या वाष्पीकृत सिगरेट एक बैटरी चलित उपकरण है, जो निकोटीन या गैर निकोटीन के वाष्पीकृत होने वाले घोल की सांस के साथ सेवन की जाने वाली खुराक प्रदान करता है। यह धूम्रपान वाले उत्पादों का विकल्प कहा जाता है। राजस्थान में 31 मई 2019 को इस प्रतिबंध लगा दिया गया था। इसे ( e cigrette ) 2003 में चीनी फार्मासिस्ट होन लिक ने ईजाद किया था।

 

ई-सिगरेट के पैरवीकार यह भी जान लें...

Hookah Bar Near Me

ई-सिगरेट ( E Cigarette ) के सेवन को लेकर अक्सर विवाद होता रहा है। इसका सेवन करने वाले एक तरफ जहां इसे सुरक्षित बताते हैं, वहीं डॉक्टरों का कहना है कि अच्छी सेहत बनाए रखने के लिए व्यक्ति को इससे दूर रहना चाहिए। सिगरेट की पैरवी करने वाले लोग भी इस बात को जानते हैं कि धूम्रपान सेहत के लिए नुकसानदायक होता है। वक्त के साथ लोगों के बीच ई सिगरेट पीने का चलन काफी तेजी से बढ़ रहा है। लोगों के बीच यह धारणा है कि ई सिगरेट पीने से सेहत पर कोई नकारात्मक प्रभाव नहीं पड़ता है और व्यक्ति स्वस्थ बना रहता है। हाल ही में हुई एक नई स्टडी ने चौकाने वाले कुछ खुलासे किए हैं।

 

ई-सिगरेट पर क्या कहता है ताजा शोध

Hookah Bar Near Me

यूनिवर्सिटी ऑफ कंस ( University of kansas ) के द्वारा की गई इस स्टडी के मुताबिक ई सिगरेट का सेवन करने से व्यक्ति को डिप्रेशन ( Depression ) होने की संभावना दोगुनी हो जाती है। इस स्टडी ने उन सभी दावों को खारिज कर दिया, जो इस बात की पैरवी कर रहे थे कि ई सिगरेट का सेवन सेहत के लिए सुरक्षित है। इस स्टडी को व्यापक और सटीक बनाने के लिए शोधकर्ताओं ने अमेरिका के उन 96,467 लोगों को शामिल किया, जो ई सिगरेट का सेवन करते थे। शोध के मुताबिक जो लोग ई सिगरेट का सेवन करते हैं, उन्हे हार्ट अटैक से होने वाला खतरा 56 प्रतिशत तक बढ़ जाता है। वहीं लंबे समय तक इसका सेवन करने से ब्लड क्लॉट की समस्या भी उत्पन्न हो सकती है। ई सिगरेट में निकोटीन की मात्रा ज्यादा होती है और सिगरेट के समान इसमें से भी टाक्सिक कंपाउंड निकलते हैं। ऐसा कहा जाता है कि निकोटीन के कारण हमारा ब्लड प्रेशर सामान्य से काफी ज्यादा बढ़ जाता है।

 

क्या होती है ई-सिगरेट

Hookah Bar Near Me

ई-सिगरेट एक तरह का इलेक्ट्रॉनिक इन्हेलर है, जिसमें निकोटीन और अन्य केमिकलयुक्त लिक्विड भरा जाता है। ये इन्हेलर बैट्री की ऊर्जा से इस लिक्विड को भाप में बदल देता है, जिससे पीने वाले को सिगरेट पीने जैसा अहसास होता है। लेकिन ई-सिगरेट में जिस लिक्विड को भरा जाता है, वह कई बार निकोटिन होता है और कई बार उससे भी ज्यादा खतरनाक केमिकल। इसलिए ई-सिगरेट ( E-Cigarette ) को सेहत के लिहाज से बिल्कुल सुरक्षित नहीं माना जा सकता है।

 

ओडिशा की ताजातरीन खबरों के लिए यहां क्लिक करें...

 

यह भी पढ़ें...फ्लेवर और हर्बल हुक्के के जरिये शरीर में जहर खींच रहे युवा

Show More
खबरें और लेख पढ़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते हैं। हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned