बिजनौर: पेट के कीड़े मारने की दवा खाने से 48 बच्चे बीमार, अस्पताल में भर्ती

सरकारी अभियान के तहत खिलाई जा रहा थी स्कूली छात्रों को दवा, खाने के 20 मिनट बाद हुआ रिएक्शन

By: pallavi kumari

Updated: 18 Aug 2017, 01:13 PM IST

बिजनौर. थाना मंडावली क्षेत्र के मदरसा जामिया दारुल उलूम नयागांव में पेट के कीड़े मारने की दवाई खाने से चार दर्जन से ज़्यादा बच्चे बीमार हो गए। शासन के निर्देशानुसार मंडावली के नयागाव मदरसे के 360 बच्चों को आशा रेखा रानी व आगनबाड़ी कार्यकर्ता ने बच्चो को कीड़े मारने वाली दवा खिलाई थी। करीब 20 मिनट के बाद कुछ बच्चों की हालत बिगड़ने लगी। बच्चों को पेट में दर्द और दस्त आना शुरू हो गए थे। इस घटना के बाद मदरसे के स्टाफ में हड़कंप मच गया।

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सभी स्टाफ के लोगों ने बच्चों को आनन-फानन में मंडावली प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया। सभी बच्चों को एम्बुलेंस से अस्पताल में भर्ती कराया गया। जंहा उनका इलाज चल रहा है।

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दरअसल यह पूरा मामला है बिजनौर के मंडावली थाना क्षेत्र के नया गावं का है। जंहा आज सुबह स्वास्थ्य विभाग की तरफ से 5 से 12 साल तक के बच्चों को कीड़े मारने की एल्बेंडाजोल टेबलेट खिलाई जा रही थी। बताया जा रहा है को गोली खाते वक्त ही बच्चों की हालत बिगड़ने लगी कुछ के पेट मे दर्द होने लगा तो कुछ को उल्टी होने लगी स्थानीय लोगो की मदद से एबुलेंस से 48 बच्चों को मंडावली के अस्पताल में भर्ती कराया गया। जंहा उनका इलाज किया जा रहा है।

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वंही इस मामले में बिजनौर के सीएमओ मित्तल का कहना है कि कीड़े मारने की दवा खाली पेट खाने से कभी-कभी गैस और पेट दर्द की शिकायत हो जाती है। ऐसा ही यहां हुआ है सभी 48 बच्चों का इलाज किया जा रहा है और सभी बच्चे ठीक है। उन्हें कुछ घंटो के उपचार के बाद छोड़ दिया जाएगा।

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