scriptbikaner Gangaur - Gangaur Festival | इनके हाथों के हुनर से जीवंत हो उठती है गणगौर प्रतिमाएं | Patrika News

इनके हाथों के हुनर से जीवंत हो उठती है गणगौर प्रतिमाएं

पीढी दर पीढ़ी बना रहे गणगौर प्रतिमाएं, देशभर में होता है इनकी बनाई प्रतिमाओं का पूजन

 

बीकानेर

Published: March 29, 2022 11:03:26 am

बीकानेर.राजस्थान के पर्व-त्योहारों में गणगौर का प्रमुख स्थान है। पारम्परिक गणगौरी गीतों की गूंज, गणगौर सवारी और पूजा-अर्चना की परम्परा इस पर्व के अभिन्न अंग है। धुलंडी के दिन से शुरु होने वाले इस पर्व में न केवल बालिकाएं और महिलाएं बल्कि पुरुष भी भक्ति भाव के साथ शामिल होते है और गवर-ईसर की पूजा अर्चना करते है। विभिन्न आकार, रंग, रुप और सजी-संवरी गणगौर प्रतिमाएं हर किसी का ध्यान अपनी ओेर आकर्षित करती है। बीकानेर में रियासतकाल से ही गणगौर प्रतिमाओं को बनाने और पूजन की परम्परा रही है। बीकानेर में बनने वाली लकड़ी की गणगौर प्रतिमाएं दशकों से देश के विभिन्न स्थानों पर न केवल बिक्री के लिए पहुंच रही है बल्कि दशकों से उनकी पूजा-अर्चना भी हो रही है। बीकानेर के गणगौर प्रतिमाओं को बनाने वाले कलाकारों ने अपनी सिद्धहस्त कला से देश में अलग ही पहचान बनाई है।

इनके हाथों के हुनर से जीवंत हो उठती है गणगौर प्रतिमाएं
इनके हाथों के हुनर से जीवंत हो उठती है गणगौर प्रतिमाएं

पूरे साल तैयार होती है प्रतिमाएं

गणगौर प्रतिमाओं को बनाने के कार्य से जुड़े सांवर लाल सुथार बताते है कि गणगौर प्रतिमाओं को बनाने का कार्य पूरे साल चलता है। लकड़ी पर बारीक कारीगरी का कार्य होने के कारण एक प्रतिमा 15 से 20 दिन में बनकर तैयार होती है। कई कारीगर मिल कर एक प्रतिमा को तैयार करते है।

सागवान की लकड़ी से बनती है प्रतिमाएं

गणगौर प्रतिमाएं आडू, चीड, सफेदा सहित कई प्रकार की लकडियों से बनाई जाती है। पीढी दर पीढी इस कार्य से जुड़े सांवार लाल बताते है कि सागवान की लकड़ी से बनने वाली प्रतिमाएं मजबूत और खूबसूरती लिए होती है। सागवान से बनी प्रतिमाओं की उम्र कई पीढि़यों तक होती है। खूबसूरती और मजबूती इसकी खास विशेषता है।

मनमोहक बनावट

बीकानेर में तैयार होने वाली गणगौर प्रतिमाओं की बनावट न केवल विशेष है बल्कि चटकदार रंग, प्रतिमाओं की खूबसूरती, मनमोहक बनावट हर किसी का मन मोह लेती है। गणगौर प्रतिमाओं के व्यवसाय से जुड़े आसू महात्मा बताते है कि हर साल बड़ी संख्या में गणगौर प्रतिमाएं महाराष्ट्र, उडीसा, चेन्नई, दिल्ली, कोलकाता, अहमदाबाद, जयपुर, जोधपुर, अजमेर सहित देश व प्रदेश के विभिन्न स्थानों पर बिक्री के लिए जाती है।

9 इंच से 5 फुट तक आकार

गवर, ईसर और भाया की प्रतिमाएं विभिन्न आकार में उपलब्ध है। गणगौर प्रतिमाएं बनाने के कार्य से जुड़े गिरधर लाल सुथार बताते है कि प्रतिमाएं 9 ईंच आकार से 5 फुट आकार तक उपलब्ध रहती है। गणगौर प्रतिमाओं में गवर की सिंगल प्रतिमा के साथ गवर-ईसर के जोड़े में भी प्रतिमाओं की बिक्री होती है।

देशभर में मांग

गणगौर प्रतिमाओं के पीढ़ी दर पीढ़ी परिवार से जुड़़े सांवर लाल बताते है कि सागवान से बनी प्रतिमाओं की देशभर में मांग बनी रहती है। वे बताते है कि उनकी ओर से बनाई जा रही प्रतिमाओं में गवर-ईसर के पंजे, आशीर्वाद देते मुद्रा, गोल्डन वर्क में पाटा प्रमुख है। हर साल ऐसी प्रतिमाओं की बड़ी संख्या में मांग बनी रहती है। शहर में दर्जनों परिवारों में ऐसी प्रतिमाओं का पूजन हो रहा है।

जुड़ा है परिवार का हर सदस्य

गणगौर प्रतिमाओं को बनाने और बिक्री के कार्य में परिवार के सभी सदस्य जुटे हुए है। पुरुष सदस्य जहां प्रतिमाएं बनाने, बिक्री आदि के काम में जुटे रहते है। वहीं बालिकाएं और महिलाएं प्रतिमाओं को पारम्परिक वेशभूषा और आभूषणों से श्रृंगारित करने का काम कर रहे है।

सबसे लोकप्रिय

शानदार खबरें

Newsletters

epatrikaGet the daily edition

Follow Us

epatrikaepatrikaepatrikaepatrikaepatrika

Download Partika Apps

epatrikaepatrika

Trending Stories

इन बर्थ डेट वालों पर शनि देव की रहती है कृपा दृष्टि, धीरे-धीरे काफी धन कर लेते हैं इकट्ठाLiquor Latest News : पियक्कडों की मौज ! रात एक बजे तक खरीदी जा सकेगी शराबशुक्र देव की कृपा से इन दो राशियों के लोग लाइफ में खूब कमाते हैं पैसा, जीते हैं लग्जीरियस लाइफMorning Tips: सुबह आंख खुलते ही करें ये 5 काम, पूरा दिन गुजरेगा शानदारDelhi Schools: दिल्ली में बदलेगी स्कूल टाइमिंग! जारी हुई नई गाइडलाइनMahindra Scorpio 2022 का लॉन्च से पहले लीक हुआ पूरा डिजाइन और लुक, बाहर से ऐसी दिखती है ये पावरफुल कारबैड कोलेस्‍ट्राॅल और डिमेंशिया को कम करके याददाश्त को बढ़ाता है ये लाल खट्‌टा-मीठा फल, जानिए इसके और भी फायदेAC में लगाइये ये डिवाइस, न के बराबर आएगा बिजली बिल, पूरे महीने होगी भारी बचत

बड़ी खबरें

अफगानिस्तान के काबुल में भीषण धमाका, तालिबान के पूर्व नेता की बरसी पर शोक मना रहे लोगों को बनाया गया निशानाPunjab Borewell Accident: बोरवेल में गिरे 6 साल के बच्चे की नहीं बचाई जा सकी जान, अस्पताल में हुई मौतBJP को सरकार बनाने के लिए क्यूँ जरूरी है काशी और मथुरा? अयोध्या से बड़ा संदेश देने की तैयारी..पश्चिम बंगाल का पूर्व मेदिनीपुर जिला बम धमाकों से दहला, तलाशी के दौरान बरामद हुए 1000 से अधिक बमIPL 2022, SRH vs PBKS Live Updates: 14 ओवर के बाद पंजाब 5 विकेट के नुकसान पर 133 रनों परकपिल देव के AAP में शामिल होने की चर्चा निकली गलत, सोशल मीडिया पर पूर्व कप्तान ने खुद साफ की स्थितिआख़िर क्यों असदुद्दीन ओवैसी बार-बार प्लेसेज ऑफ़ वर्शिप एक्ट का रो रहे हैं रोना, यहां जानेंपुजारा और कार्तिक की टीम में वापसी, उमरान मालिक को भी मिला मौका, देखें दक्षिण अफ्रीका और इंग्लैंड दौरे का पूरा स्क्वाड
Copyright © 2021 Patrika Group. All Rights Reserved.