अशासकीय स्कूलों में बंटने पहुंचीं पुस्तकें गोदामों में कैद, राज्य शासन की गाइड लाइन के इंतजार में अधिकारी

71 से अधिक छत्तीसगढ़ बोर्ड द्वारा संचालित निजी स्कूलों में अब तक पुस्तक वितण नहीं हो सका है। इसका कारण अधिकारी राज्य शासन द्वारा किसी प्रकार का दिशा निर्देश न आने अशासकीय स्कूलों को बंटने वाली पुस्तकें गोदाम में कैद रखी हुई हैं।

By: Karunakant Chaubey

Published: 26 Aug 2020, 11:03 AM IST

बिलासपुर. छत्तीसगढ़ राज्य पाठ्य निगम की पुस्तकों का शासकीय व अद्र्धशासकीय स्कूलों में पुस्तक वितरण की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। वहीं जिले में 571 से अधिक छत्तीसगढ़ बोर्ड द्वारा संचालित निजी स्कूलों में अब तक पुस्तक वितण नहीं हो सका है। इसका कारण अधिकारी राज्य शासन द्वारा किसी प्रकार का दिशा निर्देश न आने अशासकीय स्कूलों को बंटने वाली पुस्तकें गोदाम में कैद रखी हुई हैं।

छत्तीसगढ़ से मान्यता प्राप्त शासकीय, अशासकीय व निजी स्कूलों में राज्य पाठ्यक्रम पुस्तक निगम पहली से 10वीं तक बच्चों नि:शुल्क पुस्तकों का वितरण करता है। ऑनलाइन अध्यापन कार्य को ध्यान में रखकर राज्य शासन के निर्देश पर शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने शासकीय स्कूलों व शासन द्वारा गोद लिए अद्र्ध शासकीय स्कूलों में राज्य पाठ्यक्रम की पुस्तकों का वितरण किया है।

लेकिन जिले में छत्तीसगढ़ बोर्ड से संचालित होने वाले हिन्दी माध्यम स्कूलों की संख्या 479 व अंग्रेजी माध्यम की 92 स्कूल कुल 571 स्कूलों का संचालन हो रहा है। 571 निजी स्कूल के कक्षा पहली से 10वीं के छात्रों को पुस्तक वितरण न होने से उनके सामने पढाई की समस्या आ खड़ी हुई है। छात्रों को ऑनलाइन पढ़ाई के दौरान यह पता ही नहीं है कि पढऩा क्या है और सब्जेक्ट में कहा है। मामले में शिक्षा विभाग के अधिकारी ने बताया कि गतौरी स्थित राज्य पाठ्य पुस्तक निगम की गोदाम में पहली से बारहवीं की पुस्तक रखी हुई है। केवल राज्य शासन की गाइड लाइन का इंतजार किया जा रहा है। आदेश मिलते ही पुस्तकों का वितरण शुरू किया जा सकता है।

Karunakant Chaubey Desk/Reporting
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