ई-टिकट की दलाली का आरोप, डेटा एनालिसिस विंग ने किया एजेंट को गिरफ्तार

मोबाइल की जांच में टीम को पता चला कि हफीजुल खान ने मोबाइल में दो आईडी बनाकर रखा है। दोनों पर्सनल यूजर आईडी की जांच करने 40 नग रेलवे ई-टिकट बनाने जानकारी मिली। चालीस टिकटों में एक ई-टिकट की डेट वैल्यू थी, इसकी कीमत 437.70रुपए है।

By: Karunakant Chaubey

Published: 18 Sep 2020, 03:06 PM IST

बिलासपुर. मंडल सुरक्षा आयुक्त कार्यालय की डेटा एनालिसिस विंग ने सूचना संकलन के आधार पर ई-टिकट की दलाली व कालीबाजारी करने के आरोप में एजेंट को गिरफ्तार किया है। आरोपी एंजेट से ४० नग ई-टिकट बरामद किया है। जब्त ई-टिकट की कीमत ३८ हजार रुपए से अधिक है। आरोपी से मोबाइल व नगदी जब्त कर रेलवे एक्ट के तहत आरपीएफ कार्रवाई कर रहा है।

 

मिली जानकारी के अनुसार रेलवे सुरक्षा बल की डेटा एनालिसिस विंग लम्बे समय से ई-टिकट की कालाबाजारी कर रेलवे को चूना लगाने वाले गिरोह की तलाश कर रही है। डेटा जांच के दौरान टीम को एक ई-मेल से कई बार रेलवे के ई-टिकट बनाने की जानकारी मिली। टीम प्रभारी सहायक उपनिरीक्षक एसके केवट व बल सदस्यों ने तैयबा चौक वार्ड नंबर 26 तालापारा बिलासपुर में मोबाइल लोकेशन के आधार पर हफीजुल खान पिता जमशेद खान (34) निवासी तालापारा सिविल लाइन को हिरासत में लिया।

मोबाइल की जांच में टीम को पता चला कि हफीजुल खान ने मोबाइल में दो आईडी बनाकर रखा है। दोनों पर्सनल यूजर आईडी की जांच करने 40 नग रेलवे ई-टिकट बनाने जानकारी मिली। चालीस टिकटों में एक ई-टिकट की डेट वैल्यू थी, इसकी कीमत 437.70रुपए है। हफीजुल खाने द्वारा अवैध तरीके से ४० ई-टिकट बनाकर उसे ३८४७.८ रुपए में बेचकर दलाली करने के खिलाफ धारा १४३ रेलवे एक्ट के तहत आरपीएफ कर्रवाई कर रही है।

Karunakant Chaubey Desk/Reporting
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned