15 साल सत्ता में रहने के बाद भी भाजपा ने नहीं की पहल अब कांग्रेस भी हट रही पीछे

जोगी के गढ़ को जिला बनाने में आड़े आ रही राजनीति

By: Amil Shrivas

Published: 10 Apr 2019, 08:31 PM IST

बिलासपुर. जिला मुख्यालय से लगभग 110 किलोमीटर दूर पेंड्रा-गौरेला को जिला बनाने के नाम पर केवल राजनीति हो रही है। 15 साल से प्रदेश की सत्ता में काबिज भाजपा सरकार ने इसके लिए कोई पहल नहीं की और अब कांग्रेस भी यहां की उठ रही जनभावना को दरकिनार कर रही है। वजह सिर्फ इतनी है कि यह इलाका पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस से अलग होकर छत्तीसगढ़ जनता कांग्रेस का गठन करने वाले अजीत जोगी के प्रभाव वाला क्षेत्र है जिसके चलते राजनीतिक दल सत्ता में आने के बाद भी इसे जिला बनाने से परहेज कर रहे हैं।

जिस समय जांजगीर और कोरबा को बिलासपुर से अलग कर नया जिला बनाया गया उसी समय से गौरेला-पेंड्रा क्षेत्र को अलग जिला बनाने की मांग उठ रही है। भाजपा की सरकार ने 15 सालों में इसके लिए कोई पहल नहीं की। इन सालों में जब भी गणतंत्र दिवस और स्वतंत्रता दिवस पर राष्ट्रीय पर्व का आयोजन हुआ तब-तब इसको लेकर सुगबुगाहट भी उठी कि अब इस बार गौरेला-पेंड्रा को अलग जिला घोषित किया जाएगा लेकिन यह अंदेशा सुगबुगाकर शांत हो गया।

तत्कालीन भाजपा सरकार ने जांजगीर-चांपा और कोरबा जिले के गठन के बाद एक बार फिर बिलासपुर से 60 किलोमीटर दूर मुंगेली को जिला बनाने की घोषणा कर दी लेकिन बिलासपुर से 110 किलोमीटर दूर पेंड्रा-गौरेला से उठ रही स्वर को दबा दिया गया।

जिला संघर्ष समिति कर रही संघर्ष-

तत्कालीन भाजपा सरकार द्वारा जांजगीर -कोरबा जिले को बिलासपुर से अलग कर नया जिला बनाने की घोषणा के बाद से गौरेला-पेंड्रा संघर्ष समिति लगातार आंदोलन और जनजागरण कर सरकारों पर दबाव बनाने की कोशिश कर रही है। संघर्ष समिति के पदाधिकारियों का कहना है कि राजनीति विद्वेष के चलते पहले भाजपा और फिर कांग्रेस सरकार यहां से उठ रही जिला बनाने की मांग की अनदेखी कर रही है। मुंगेली जो बिलासपुर से महज 60 किलोमीटर दूर है उसे जिला बना दिया गया लेकिन गौरेला -पेंड्रा को आज तक जिला घोषित नहीं किया गया। क्षेत्र की जनता को छोटे-मोटे काम के लिए संभागीय जिला मुख्यालय बिलासपुर तक दौड़ लगानी पड़ रही है।

जोगी ने भूपेश के समक्ष भी लगाई थी गुहार -

प्रदेश में कांग्रेस की जीत हुई और कांग्रेस ने भूपेश बघेल को प्रदेश का मुख्यमंत्री बनाया। मुख्यमंत्री बनने के बाद जब भूपेश बघेल पहली बार बिलासपुर पहुंचे तब पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी ने अपने विधायक पुत्र और पत्नी के साथ उनसे छत्तीसगढ़ भवन में भेंटकर गौरेला-पेंड्रा को जिला बनाने की मांग की थी।

Show More
Amil Shrivas
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned