टूल किट मामले में छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने फैसला सुरक्षित रखा, तीन हफ्ते बाद होगी सुनवाई

टूल किट मामले (Toolkit Case) में एफआईआर पर जांच व कार्रवाई रोकने के लिए पूर्व सीएम डॉ. रमन सिंह (Chhattisgarh Former CM Raman Singh) और बीजेपी प्रवक्ता डॉ. संबित पात्रा (Sambit Patra) के अंतरिम आवेदन पर हाईकोर्ट ने फैसला सुरक्षित रखा है।

By: Ashish Gupta

Updated: 11 Jun 2021, 09:37 PM IST

बिलासपुर. टूल किट मामले (Toolkit Case) में एफआईआर पर जांच व कार्रवाई रोकने के लिए पूर्व सीएम डॉ. रमन सिंह (Chhattisgarh Former CM Raman Singh) और बीजेपी प्रवक्ता डॉ. संबित पात्रा (Sambit Patra) के अंतरिम आवेदन पर हाईकोर्ट ने फैसला सुरक्षित रखा है। सिविल लाइन्स थाना रायपुर में कांग्रेसियों की एफआईआर पर पुलिस ने याचिकाकर्ताओं से पूछताछ शुरू की है। इस प्रकरण की सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने शासन को जवाब देने के निर्देश देते हुए मामले की अगली सुनवाई 3 सप्ताह बाद तय की है।

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मामले की न्यायमूर्ति एनके व्यास की एकल पीठ में सुनवाई हुई। शासन की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता डॉ. अभिषेक मनु सिंघवी, महाधिवक्ता सतीशचंद्र वर्मा, सुमीर सोढ़ी ने दलील रखी जबकि रमन सिंह व पात्रा के ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता महेश जेठमलानी सहित अजय बर्मन, विवेक शर्मा ने पक्ष रखा। कोर्ट ने सभी दलीलों को सुनने के बाद अंतरिम आवेदन पर फैसला सुरक्षित रख लिया है।

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सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ताओं की ओर से कहा गया कि टूल किट मामले में कांग्रेस ने ही दस्तावेजों को इंटरनेट पर वायरल किया था। पब्लिक डोमेन में उपलब्ध दस्तावेजों पर भाजपा नेताओं ने सिर्फ टिप्पणी की है। शासन के तर्क हैं कि बीजेपी नेताओं ने फर्जी दस्तावेजों के आधार पर कांग्रेस पार्टी के नेताओं को बदनाम करने की साजिश की। इसलिए एफआईआर करवाई गई है।

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