महिला ट्रेकमेन अब बदल सकेंगी अपना विभाग ट्रेकमेंटेनर संघ की मांग पर आरबीआई की सहमति

रेलवे बोर्ड की लगी मुहर: महिलाओं की समस्या को देखते हुए लिया निर्णय

By: Amil Shrivas

Published: 24 Jul 2018, 04:28 PM IST

महिला टे्रकमेन की कहीं भी ड्यूटी लगने से होती थी परेशानी
एसोसिएशन की 16 सूत्रीय मांगों पर भी हुई चर्चा

बिलासपुर. रेलवे बोर्ड और डिवीजन कार्यालय के बीच बीते दिनों हुई बैठक में साउथ ईस्ट सेंट्रल रेलवे ट्रेकमेंटेनर एसोसिएशन की कई मांगो पर रेलवे बोर्ड समिति ने अपनी मुहर लगाई है। इसमें सबसे महत्वपूर्ण मांग थी महिला ट्रेक मेंटेनरों की जिनकी ड्यूटी कही भी कभी भी लग जाती थी इसके चलते उन्हें काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। महिलाओं की समस्या को देखते हुए रेलवे बोर्ड ने यह निर्णय लिया है। 17 जुलाई को रेलवे बोर्ड और एसईसीआर मंडल कार्यालय के बीच बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में कई महत्वपूर्ण बिन्दुओं पर विस्तार से चर्चा की गई। इसमें साउथ ईस्ट सेंट्रल रेलवे ट्रेकमेन्टेनर एसोसिएशन की 16 सूत्रीय मांग पर भी चर्चा की गई, साउथ ईस्ट सेंट्रल रेलवे ट्रेकमेन्टेनर एसोसिएशन के अध्यक्ष राजेन्द्र कुमार कौशिक ने बताया कि रेलवे बोर्ड चेयरमैन अश्वनी लोहानी से बिलासपुर प्रवास के दौरान मुलाकात कर साउथ ईस्ट सेंट्रल रेलवे ट्रेकमेन्टेनर एसोसिएशन ने महिला ट्रेकमेन्टेनर का विभाग बदलने की मांग की थी। वही कुछ दिनों पूर्व भी आंदोलन के माध्यम से अपनी मांग रेलवे बोर्ड तक पहुचाने ज्ञापन सौंपा था। इसमें महिला ट्रेक मेंटेरों को कार्य के दौरान होने वाली परेशनियों को विस्तार से बताया गया था। मांग को गंभीरता से लेते हुए रेलवे बोर्ड ने अपने जारी आदेश के अनुसार कंडिका 10 में उल्लेख किया गया है कि महिला ट्रेकमेंटेनर एक बार अपने विभाग बदल कर इंजिनियरिंग, लोको पायलेट या गार्ड विभाग में जा सकती है। बैठक में इस आदेश पर अमल करने डीजी पर्सनल को निर्देश की कॉपी भी दी गई है। रेलवे बोर्ड के इस फैसले से ट्रेकमेंटेनर काफी खुश हैं।

Prev Page 1 of 2 Next
Amil Shrivas
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned