29 को है विश्व हृदय दिवस आईए सुनते हैं अपने दिल की, जानें क्या करें और क्या नहीं करें

29 को है विश्व हृदय दिवस आईए सुनते हैं अपने दिल की, जानें क्या करें और क्या नहीं करें
29 को है विश्व हृदय दिवस आईए सुनते हैं अपने दिल की, जानें क्या करें और क्या नहीं करें

Jayant Kumar Singh | Updated: 23 Sep 2019, 09:47:16 PM (IST) Bilaspur, Bilaspur, Chhattisgarh, India

world heart day 2019: आपको पता है एक रिपोर्ट के अनुसार पिछले वर्षों की तुलना में दिल के रोगियों की संख्या में 50 प्रतिशत की वृद्धि हुई है।

बिलासपुर. आपको पता है एक रिपोर्ट के अनुसार पिछले वर्षों की तुलना में दिल के रोगियों की संख्या में 50 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। अध्ययन में यह भी पाया गया देश में लगभग 7 करोड़ हृदय रोंगी है जो कि ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में समान रूप से फैले है। आपको पता है अब ३० साल का युवक भी दिल की बीमारी से पीडि़त हो रहा है। धुम्रपान इसके लिए सबसे बड़ा कारण है, हमें नियमित और संयमित दिनचर्या का पालन करना होगा तभी हमारा दिल स्वस्थ्य रहेगा और जवान रहेगा।
दरअसल 29 सितंबर को वल्र्ड हार्ट डे है। इसको लेकर शहर में सात दिवसीय जागरूकता अभियान का आयोजन किया जा रहा है। इस कार्यक्रम में बताया गया कि मौजूदा वक्त में व्यस्त जीवन शैली और खान-पान की खराब आदतों ने लोगों को कई बीमारियों की ओर धकेल दिया है, जिसमें से हार्ट अटैक की समस्या बहुत तेजी से बढ़ी है। यही कारण है कि मौजूदा दौर में 30 की उम्र के लोग भी हार्ट अटैक की समस्या का शिकार हो रहे हैं। हार्ट अटैक आने के कारण तो सभी जानते है लेकिन इनसे बचाव के उपाय शायद ही जानते हो। हार्ट अटैक एक एैसी स्थिति है, जिसमें अधिकतर लोग इसके लक्षणों को नहीं पहचान पाते और इस बीमारी का शिकार हो जाते है। लेकिन महज छोटी-छोटी सी आपकी आदतें आपको इस गंभीर बीमारी से दूर रख सकती है।
29 सितंबर को वल्र्ड हार्ट डे के रूप में मनाया जाता है इसे ध्यान में रखते हुए अपोलो हॉस्पिटल्स बिलासपुर द्वारा मेगा जागरूकता अभियान दिल की सुनो दुनिया वालों का शुभारंभ किया गया। वरिष्ठ चिकित्सकों व प्रेस कांफं्रेस में उपस्थित पत्रकारों द्वारा दिल के आकार के गुब्बारों को हवा में छोड़ कर जागरूकता प्रोग्राम का शुभारंभ हुआ।
50 प्रतिशत बढ़े हैं दिल के मरीज
कार्यक्रम में डॉ. सजल सेन ने बताया की विगत कुछ वर्षों की तुलना में हृदय रोगों की संख्या में 50 प्रतिशत की वृद्धि हुई है जो कि एक चिंता का विषय है। उन्होंने बताया कि सामाजिक जागरूकता इसका सबसे कारगर हथियार है। इस अवसर पर वरिष्ठ हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ आरएल भांजा ने धुम्रपान को अत्यधिक घातक बताया तथा नियमित स्वास्थ्य परीक्षण एवं नियमित दिनचर्या को अपनाने की सलाह दी।

ये हो लक्षण तो हो जाएं सावधान
कार्यक्रम में वरिष्ठ हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ एमपी सामल ने छाती में बार-बार दर्द होना, सांस लेने में दिक्कत होना, जी मचलाना, अनियमित दिल की धड़कन एवं सिर चकराना या चक्कर आना इन पांच लक्षणों को धमनियों में रुकावट होने का संकेत बताया एवं डाईट पर विशेष ध्यान देने की सलाह दी।
ये है कारण
इस दौरान वरिष्ठ हृदय रोग शल्य चिकित्सक डॉ. सजय जैन ने कहा कि क्या आपने सोचा है कि इतनी संख्या में लोग के दिल की बिमारियों से क्यों मरते हैं। इसके दो कारण हैं पहला लोगों का खान-पान इतना खराब हो गया है कि ज्यादातर लोग कम उम्र में 20 से 30 साल में हाई ब्लड प्रेशर, कोलेस्ट्ॉल बढऩे और मोटापे जैसे रोगों के शिकार हो जाते हैं। ये सभी रोग हार्ट अटैक के खतरे को काफी बढा देते हैं। दूसरा कारण यह है कि लोगो को हार्ट अटैक के पूर्व संकेतो के बारे में पता नहीं है इसलिये वे सही समय पर सावधानी नहीं बरतते।
खतरनाक होता है कोलेस्ट्रॉल
हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ मोहंता एवं डॉ सतपती ने कोलेस्ट्राल के बारे में बताया कि आपकी हृदय की धमनियों को ब्लॉक कर देता है और हार्ट अटैक की सम्भावनाओं का बढा देता है। हृदय रोग शल्य चिकित्सक डॉ अनुज कुमार ने तनाव को कहे नाश, ब्लड प्रेशर पर नियंत्रण एवं नियमित रूप से वॉक करने पर विशेष जोर दिया। तथा नियमित दिनचर्या एवं डिप्रेशन से बचने की सलाह दी।


MP/CG लाइव टीवी

खबरें और लेख पढ़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते हैं। हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned