BMC का हाईकोर्ट में अनुरोध- जुर्माने के साथ खारिज हो Kangana Ranaut की याचिका, विचार करने योग्य नहीं

By: Neha Gupta
| Published: 19 Sep 2020, 05:26 PM IST
BMC का हाईकोर्ट में अनुरोध- जुर्माने के साथ खारिज हो Kangana Ranaut की याचिका, विचार करने योग्य नहीं
BMC to Bombay High court to dismissed Kangana Ranaut plea

बॉलीवुड की क्वीन कंगना रनौत (Kangana Ranaut) का याचिका पर बीएमसी ने हमला किया है। बीएमसी (BMC) ने बॉम्बे हाईकोर्ट में हलफनामे में कहा है कि कंगना की याचिका खारिज की जानी चाहिए।

नई दिल्ली | कंगना रनौत (Kangana Ranaut) का मुंबई में बना ऑफिस बीएमसी (BMC) द्वारा अवैध निर्माण के तहत ध्वस्त कर दिया गया था। 9 सितंबर को कंगना के ऑफिस पहुंचे से पहले ही इस कारनामे को अंजाम दिया जा चुका था। जिसके लिए कंगना ने मुंबई हाईकोर्ट (Mumbai Highcourt) का दरवाजा खटखटाया और दो करोड़ रुपए का मुआवजा मांगा। कंगना ने उनका ऑफिस ढहाए जाने के बाद ही हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी जिसके बाद बीएमसी की कार्रवाई पर रोक लगा दी गई थी। अब बीएमसी ने अपने हलफनामे में कोर्ट से कहा है कि कंगना की याचिका को खारिज कर दिया जाना चाहिए। साथ ही उनपर जुर्माना लगाने की भी अपील की।

बीएमसी ने कहा है कि कंगना की याचिका कानूनी प्रक्रिया का दुरूप्रयोग है। बीएमसी के हलफनामे के मुताबिक, याचिका दायर करना और उसमें राहत मांगा जाना कानूनी प्रक्रिया का दुरुप्रयोग कर रही है। बीएमसी ने कहा कि कंगना रनौत की याचिका को ना सिर्फ खारिज किया जाना चाहिए बल्कि उनपर जुर्माना भी लगाना चाहिए। याचिका पर विचार नहीं किया जा सकता।

बता दें कि कंगना रनौत और शिवसेना (Shivsena) के बीच छिड़ी जंग के बाद ही उनका ऑफिस अवैध निर्माण (Kangana office demolished) बताकर बीएमसी ने गिरा दिया था। वहीं शिवसेना के सामना में लिखा गया था कि उखाड़ दिया। कंगना का ये भी कहना है कि उन्हें धमकी भरे फोन लगातार आ रहे हैं। उनसे कहा जा रहा है कि मुंबई में बना उनका घर भी तोड़ दिया जाएगा। बीएमसी का दावा है कि कंगना का ऑफिस अवैध तौर बना हुआ है जबकि एक्ट्रेस का कहना है कि ये आरोप बिल्कुल गलत है। उनके पास इस बात के सबूत हैं कि उनका ऑफिस किसी अवैध निर्माण में नहीं आता है। कंगना ने ये भी कहा कि उनके पास खुद को सही साबित करने बहुत सारे सबूत हैं। फिलहाल कंगना और शिवसेना के बीच हुए घमासान का ये मामला कोर्ट में है।