कंगना रनौत ने बीएमसी से मांगा 2 करोड़ो रुपयों का मुआवजा, 9 सितंबर को अवैध निर्माण के चलते दफ्तर पर चलाया था बोल्डोजर

By: Shweta Dhobhal
| Published: 15 Sep 2020, 06:50 PM IST
कंगना रनौत ने बीएमसी से मांगा 2 करोड़ो रुपयों का मुआवजा, 9 सितंबर को अवैध निर्माण के चलते दफ्तर पर चलाया था बोल्डोजर
Kangana Ranaut Seeks Compensation Of Rs 2 Crore From BMC

9 सितंबर को एक्ट्रेस कंगना रनौत के मुंबई आने से पहले ही बीएमसी ने उनके दफ्तर पर बोल्डोजर चला जाया। उनके दफ्तर के भीतर काफी तोड़फोड़ भी की गई। जिसके बाद अब कंगना ने बीएमसी से 2 करोड़ का मुआवजा मांगा है।

नई दिल्ली। 9 सितंबर के दिन बॉलीवुड एक्ट्रेस कंगना रनौत के मुंबई आने से पहले ही बीएमसी ने उनके दफ्तर पर हथौड़ा चला दिया। ऑफिस में जमकर खूब तोड़ फोड़ की गई। महाराष्ट्र संग कंगना की जुबानी लड़ाई अब पूरी तरह से राजनीतिक और कानूनी रूप ले चुकी है। वहीं मुंबई में कुछ दिनों रहने के बाद कंगना मनाली अपने घर वापस लौंट चुकी है। जहां पहुंचने के बाद भी वह लगातार सोशल मीडिया पर महाराष्ट्र सरकार के लिए एक के बाद एक ट्वीट लिखी जा रही हैं। इस बीच उन्होंने बीएमसी से उनके दफ्तर में तोड़फोड़ करने के लिए मुआवजा मांगा है।

 

कंगना रनौत के दफ्तर का अधिकतर भाग बीएमसी नष्ट कर चुकी है। जिसके बाद एक्ट्रेस ने बीएमसी के खिलाफ बॉम्बे हाई कोर्ट में अपील की थी। जिसकी सुनवाई 22 सितंबर रखी गई है। वहीं कंगना ने एक नोटिस जारी किया है। जिसमें उन्होंने बीएमसी से 2 करोड़ रुपयों का मुआवजा मांगा है। बता दें बाम्बे हाईकोर्ट के निर्देश के बाद ही कंगना के दफ्तर पर तोड़फोड़ को रोका गया था। मनाली जाने से पहले कंगना ने महाराष्ट्र के राज्यपाल भगत कोश्योरी से भी मुलाकात की थी। जहां उन्होंने महाराष्ट्र सरकार संग चल रहे विवाद को लेकर खास बातचीत की।

यही नहीं एक्ट्रेस ने मनाली जाने से पहला एक ट्वीट किया है। जिसमें उन्होंने लिखा है कि "दिल्ली के दिल को चीर के वहां इस साल खून बहा है, सोनिया सेना ने मुंबई में आजाद कश्मीर के नारे लगवाए, आज आजादी की कीमत सिर्फ आवाज़ है। मुझे अपनी आवाज़ दो, नहीं तो वह दिन दूर नहीं जब आजादी की कीमत सिर्फ और सिर्फ खून होगी।" यही नहीं इस बार कंगना ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे के बेटे आदित्य ठाकरे को भी निशाने पर लिया। उन्होंने आदित्य के लिए बॉलीवुड के सेलेब्स संग दोस्ती और उनके साथ घूमने जैसी बातें कहीं।