योगी राज से पहले यूपी में कभी नहीं दिखा स्कूलों का ऐसा नजारा, वीडियो देखकर दंग रह जाएंगे आप

योगी राज से पहले यूपी में कभी नहीं दिखा स्कूलों का ऐसा नजारा, वीडियो देखकर दंग रह जाएंगे आप

Iftekhar Ahmed | Publish: Jan, 21 2019 07:11:49 PM (IST) | Updated: Jan, 21 2019 07:11:50 PM (IST) Bulandshahr, Bulandshahar, Uttar Pradesh, India

ग्राणीनों ने स्कूल को बनाया तबेला, सड़क पर पढ़ने को मजबूर हुए छात्र

बुलंदशहर. योगी सरकार के गोवंश प्रेम ने प्रदेश की व्यवस्था को तहसनहस करना शुरू कर दिया है। पशु कटान और तस्करी पर सख्ती से रोक के कारण सूबे में आवारा पशुओं की संख्या तेजी से बढ़ती जा रही है। आवारा गोवंशों के आतंक से परेशान लोग इन जानवरों को स्कूलों और सामूदायिक केन्द्रों में बांध रहे हैं। स्कूलों में जानरों के बांधने से वहां पढ़ने वालों छात्रों और शिक्षकों की परेशानी बढ़ती जा रही है। ताजा मामला बुलंदशहर का है। यहां आवारा गोवंशों से परेशान ग्रामीणों ने प्राइमरी स्कूल में इन जानवरों को बांध दिया। जिसकी वजह से छोटे-छोटे मासूम छात्र-छात्राओं को सड़क पर बैठ कर पढ़ने को मजबूर होना पड़ रहा है।

यह भी पढ़ें: प्रधानमंत्री आवास योजना में बंदरबाट का मामला पहुंचा पीएम मोदी और सीएम योगी के दरबार में तो मचा हड़कंप

ये तस्वीर बुलंदशहर के अनूपशहर थाना क्षेत्र के खलौर गाँव की है। तस्वीरों में देखिए किस तरह नौनिहाल सड़क पर बैठकर पढ़ने को मजबूर हैं। वैसे तो ये मासूम ग्रामीणों द्वारा किए गए कारनामे की वजह से यहां बैठे हैं, लेकिन इसमें एक बड़ी लापरवाही अनूपशहर ब्लॉक के अधिकारियों की भी है। दरअसल, सीएम योगी का सख्त और स्पष्ट निर्देश है कि किसी भी तरह किसानों की फसल को बर्बाद करने वाले आवारा पशुओं को जल्द से जल्द गौशाला पहुंचाया जाए, जिसके लिए शासन से एक मोटा बजट भी हर जनपद के लिए दिया गया है। वहीं, बुलंदशहर जिलाधिकारी की ओर से भी बुलंदशहर की तमाम न्याय पंचायतों में अस्थायी गोशालाओं का निर्माण कराने की बात भी कही जा रही है। गौरतलब है कि डीएम ने सभी नगर पालिका व नगर पंचायत अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं कि आवारा पशुओं को अस्थायी या स्थाई गोशाला पहुंचाया जाए। लेकिन कहीं ना कहीं अनूपशहर के ज़िम्मेदार अधिकारियों की लापरवाही की वजह से किसान तो परेशान हैं ही। साथ ही किसानों द्वारा अपनी फसल को बचाने के लिए जो भी कारनामे किए जा रहे हैं, उनसे भी लोग भी काफी हद तक परेशान हैं। खलौर के ग्रामीणों ने भी अपनी फसल को आवारा पशुओं से बचाने के लिए आवारा गोवंशों को पकड़कर गांव में स्तिथ प्राइमरी स्कूल में बन्द कर दिया है, जिसके चलते स्कूली में पढ़ने वाले नौनिहाल सर्दी के इस मौसम में सड़क पर बैठकर पढ़ने को मजबूर हैं।

यह भी पढ़ें- 12 वर्षीय दिव्यांग बच्ची की वहशियों ने की ऐसी हालत, देखकर कांप जाएंगे आप

खलौर गाँव में स्तिथ इस प्राइमरी स्कूल में आवारा पशु बन्दकर ताला डालने की ख़बर मीडिया में आने के बाद प्रशासनिक अधिकारियों में भी हड़कंप मच गया, अनूपशहर एसडीएम ने तत्काल बीडीओ और थाना प्रभारी को मौके पर भेजकर गौवंशों को स्कूल से बंधन मुक्त कराने और बच्चों को स्कूल में बिठवाने के आदेश दिए। ये पहली बार नहीं है, जब किसानों द्वारा आवारा पशुओं को कहीं बन्द करने का मामला सामने आया हो, लेकिन अब देखना ये होगा की इस ख़बर पर प्रशासन किस तरह संज्ञान लेता है और कब तक बुलंदशहर में घूमने वाले आवारा गोवंशों को पकड़कर गौशाला पहुंचाता है ?

खबरें और लेख पढ़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते हैं। हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned