मौसी के घर से आ रही वापस, बीच में ही हुई हादसे का शिकार

बूंदी जिले में चांदा कला गांव के ठीक सामने स्थित बैजपुर गांव के घाट पर चंबल नदी में नाव डूबने की घटना में मारी गई इंद्रगढ़ थाना क्षेत्र के पापड़ा निवासी गोलमा उर्फ अलका मीणा को क्या पता था कि वह मौसी के घर आने के बाद सुरक्षित अपने घर वापस नहीं पहुंच पाएगी।

By: pankaj joshi

Published: 18 Sep 2020, 08:22 PM IST

मौसी के घर से आ रही वापस, बीच में ही हुई हादसे का शिकार
इंद्रगढ़. बूंदी जिले में चांदा कला गांव के ठीक सामने स्थित बैजपुर गांव के घाट पर चंबल नदी में नाव डूबने की घटना में मारी गई इंद्रगढ़ थाना क्षेत्र के पापड़ा निवासी गोलमा उर्फ अलका मीणा को क्या पता था कि वह मौसी के घर आने के बाद सुरक्षित अपने घर वापस नहीं पहुंच पाएगी। गुरुवार सुबह बालिका का शव जैसे ही पापड़ा गांव पहुंचा, पूरे गांव में मातम पसर गया। परिजनों की चीख पुकार रोके नहीं रुक रही थी। गांव के लोग उन्हें ढांढस बंधा रहे थे। करीब 9 बजे बालिका का अंतिम संस्कार किया गया। परिजनों के अनुसार बालिका गोलमा उर्फ अलका रक्षाबंधन से पहले अपनी मौसी के साथ खातौली थाना अंतर्गत छतरपुरा गांव गई थी। जहां से वह बुधवार सुबह अपनी मौसी के लडक़े श्याम व उसकी पत्नी के साथ वापस अपने गांव पापड़ा लौट रही थी। तभी नाव डूबने से उसकी मौत हो गई। घटना के दौरान श्याम तो तैर कर सुरक्षित बाहर निकल गया लेकिन उसकी पत्नी भी काल के गाल में समा गई।

pankaj joshi Photographer
और पढ़े

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned