अनलॉक में केले की सप्लाय को मिली गति, जम्मू-कश्मीर और यूपी में बुरहानपुर केले की मिठास

- 40 फीसदी इन्हीं दो राज्यों में खपत
- कोरोना में 50 गाडिय़ां जा रहा था केला, अब 180 गाडिय़ां माल सप्लाय

By: ranjeet pardeshi

Published: 23 Jul 2021, 11:17 AM IST


- देशभर में सप्लाय, लेकिन इन दो राज्यों में ज्यादा डिमांड
- बुरहानपुर केला पकने के बाद भी तीन दिन तक टिकाऊ
बुरहानपुर. देश-विदेश तक प्रसिद्ध हो चुके बुरहानपुर के केले की डिमांड ने कोरोना के बाद अब गति पकड़ ली है। अनलॉक होते जब मंडियां खुली तो 180 तक सप्लाय होने लगी। बड़ी बात यह है कि देश के जम्मू कश्मीर और उत्तर प्रदेश में सबसे ज्यादा केले की खपत बढ़ी है। यहां बुरहानपुर का केला ज्यादा पसंद आ रहा है।
कोरोना संकट के दौर में भी केले का बाजार थमा नहीं, लेकिन पचास फीसदी तक इसमें भी गिरावट दर्ज की गई। जून से अनलॉक होने के बाद जुलाई में इसे गति मिली। पहले जहां 80 गाडिय़ां सप्लाय हो रही थी, अब 125 से 180 गाडिय़ां सप्लाय होना शुरू हो गई। भाव भी किसानों को बेहतर मिल रहे हैं, न्यूनतम 900 से अधिकतम 1400 तक जा रहे हैं।
इसलिए जम्मू-कश्मीर और यूपी में डिमांड
केला सप्लायरों का कहना है कि बुरहानपुर के केले की जम्मू कश्मीर और यूपी में केले की डिमांड ज्यादा है। यहां के लोगों को बुरहानपुर का केले का स्वाद भा गया। इसलिए 40 फीसदी खपत इन्हीं राज्यों में हो जाती है। बाकी 55 फीसदी देशभर में और 5 फीसदी विदेश में सप्लाय होता है, लेकिन फिलहाल कोरोना के कारण दो साल से विदेश में केला नहीं जा रहा है।
यह है बुरहानपुर केले की खासियत
केला व्यापारी रिंकु टांक के मुताबिक यहां का केला बहुत पौष्टिक है। बड़ी बात यह है कि यहां के किसान बहुत ही बेहतर पद्धति से भी केली की खेती करते हैं। इस कारण केला पकने के बाद भी तीन दिन तक टिकाऊ रहता है, जो की अन्य राज्य से आने वाले केले में यह गुणवत्ता नहीं होती है। टांक का कहना है कि अनलॉक होने के बाद अब केले का सप्लाय भी बढ़ा है। गुरुवार को ही 172 गाडिय़ां नीलाम की गई।
अब सरकार एक्सपोर्ट पर दे रही ध्यान
केले की बेहतर गुणवत्ता के बाद अब सरकार का भी ध्यान यहां के केले को विदेश में एक्सपोर्ट करने पर ध्यान केंद्रित किया है। यही वजह है कि 17 जुलाई को बुरहानपुर आए मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान ने भी केला एक्सपोर्ट को बढ़ावा देने के लिए प्रसास करने की बात कही।
आंकड़े एक नजर में
- 10 टन केला रोजाना की बुरहानपुर में ही खपत
- 20 हजार 500 हेक्टेयर कुल रकबा
- 40 प्रतिशत यूपी-जम्मू में केले की सप्लाय

- जम्मू कश्मीर और यूपी में सबसे अधिक केले की सप्लाय है। यहां का केला बहुत टिकाऊ है। गुणवत्ता भी बहुत बेहतर है। बुरहानपुर में जी-नाइन, बसराइल, श्रीमंती, हरसाली प्रजाति का केला उत्पादित होता है, जो बहुत अच्छा माना जाता है।

ranjeet pardeshi Bureau Incharge
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