दूध के बर्तनों में छुपा रखी थी करोड़ों की नकदी, यूं पंजाब का कुख्यात तस्कर बना रतन सिंह

दूध के बर्तनों में छुपा रखी थी करोड़ों की नकदी, यूं पंजाब का कुख्यात तस्कर बना रतन सिंह

Brijesh Singh | Updated: 31 Jul 2019, 09:25:57 PM (IST) Chandigarh, Chandigarh, Punjab, India

atari border drug smuggling: 532 किलो हेरोइन मामले का मुख्य अभियुक्त रणजीत सिंह उर्फ राणा ने तस्करी के रास्ते करोड़पति बनने का रास्ता चुना।

( चंडीगढ, राजेंद्र जादौन )। पंजाब के अटारी स्थित इंटीग्रेटेड चेकपोस्ट ( atari border drug smuggling ) पर पिछले माह बरामद की गई 532 किलो हेरोइन मामले के मुख्य अभियुक्त रणजीत सिंह उर्फ राणा मजदूर परिवार से था, लेकिन उसे यह जीवन बिलकुल नहीं भाया और उसने मेहनतकश इस जिंदगी से निकल कर तस्करी के रास्ते करोड़पति बनने का रास्ता चुना। आलम यह था कि स्पेशल टास्क फोर्स लुधियाना ( Special Task Force Ludhiyana ) की टीम ने हाल ही जब राणा के पठानकोट स्थित बंगले में छानबीन की, तो पता चला कि दूध भरने के बड़े पात्रों में करोड़ों रुपए की नकदी रखी गई थी। इन पात्रों को जमीन में पांच फीट पर दबाया गया था। यह भी पता चला कि ऐसे ही कुछ पात्रों को हाल में निकाला गया था।

फटी रह गई पुलिस की आंखें

पुलिस ने राणा की संपत्तियों का ब्यौरा जुटाया है। पुलिस को अब तक मिली जानकारी के अनुसार राणा का परिवार कभी गरीब मजदूर परिवार था। लेकिन इस समय राणा 45 एकड जमीन का मालिक है। पठानकोट में हिमाचल प्रदेश की सीमा के पास उसका विशाल बंगला है। इसके अलावा तीन दुकानें, कम से कम दो कारें और सोना व करोडों रूपए की नकदी है। यह सभी सम्पत्ति ड्रग तस्करी के जरिए ही हासिल की गई है। पुलिस के अनुसार राणा और उसके पांच भाइयों की अमीरी हाल के वर्षों में तेजी से बढी थी। इन पांच भाइयों में से चार तो सीधे तौर पर तस्कर ही है। किसी भी एजेंसी ने उनके धन के स्रोत को जांचने का प्रयास नहीं किया।

पहले हो चुकी है सजा

जानकारी के मुताबिक राणा को तस्करी और जाली मुद्रा के छह में से पांच मामलों में सजा हुई थी। लेकिन वह जमानत पर बाहर आ गया। एक मामले में सुप्रीम कोर्ट ने उसे बरी कर दिया। उच्च पुलिस अधिकारी मानते है कि राणा जैसे तस्कर आपराधिक न्याय प्रणाली का फायदा लेते रहे है। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर अपना काम किया है लेकिन उसे भी रास्ता मिल गया। राणा ने वर्ष 2004 में छोटे शराब तस्कर के रूप में तस्करी की दुनिया में कदम रखा था। लुधियाना एसटीएफ की टीम ने राणा के छोटे भाई व वांछित तस्कर बलविंदर सिंह बिल्ला को गिरफ्तार किया है। इसके कब्जे से एक किलो हेरोइन व एक करोड़ रूपए बरामद किए गए है। राणा के तीन अन्य भाई जेरमाजीत सिंह, कुलदीप सिंह और मनदीप सिंह ड्रग तस्करी के आरोपों में जेल में बन्द हैं।

पकड़ा गया भाई

drug smuggler

पंजाब पुलिस की एसटीएफ ( STF ) ने लुधियाना में चिट्टे की तस्करी के आरोप में रविवार सुबह रवि नामक युवक को पकड़ा। पुलिस ने रवि की निशानदेही पर पठानकोट के मीरथल में चिट्टे के तस्कर की कोठी पर रविवार शाम करीब सवा छह बजे रेड मारी। भवन के बेसमेंट से 1 किलो हेरोइन और 1 करोड़ 2 लाख 90 हजार रुपये बरामद किए। एसटीएफ ने एक नशा तस्कर को भी गिरफ्तार किया। आरोपी की पहचान नामी तस्कर रंजीत सिंह राणा के भाई बलविंदर सिंह के रूप में हुई। जबकी राणा पुलिस को चकमा देकर खेतों के रास्ते फरार हो गया।

Show More
खबरें और लेख पढ़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते हैं। हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned