आर्थिक आधार पर सामान्य वर्ग को दस फीसदी आरक्षण को पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट में चुनौती,इस दिन होगी अगली सुनवाई

याचिका दायर करने वाले वकील एसके शर्मा ने बताया कि संविधान में आर्थिक आधार पर आरक्षण देने का कोई प्रावधान नहीं है...

(चंडीगढ): केन्द्र सरकार द्वारा 103 वें संविधान संशोधन के जरिए आर्थिक आधार पर सामान्य वर्ग को दिए गए दस फीसदी आरक्षण कोटा को बुधवार को पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट में याचिका दायर कर चुनौती दी गई। हाईकोर्ट ने इस मामले में केन्द्र सरकार को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। केन्द्र को अगली सुनवाई 13 मार्च तक जवाब दाखिल करना है।

 

याचिका दायर करने वाले वकील एसके शर्मा ने बताया कि संविधान में आर्थिक आधार पर आरक्षण देने का कोई प्रावधान नहीं है। उन्होंने कहा कि आरक्षण का आधार सामाजिक और शैक्षिक पिछडेपन को ही माना गया है। सुप्रीम कोर्ट ने भी अपने फैसलों में इस आधार को स्थापित किया गया है। शर्मा ने बताया कि वर्ष 1991 में तत्कालीन पीवी नरसिंहराव सरकार ने आर्थिक आधार पर सामान्य वर्ग को आरक्षण दिया था लेकिन इसे सुप्रीम कोर्ट ने रद्य कर दिया था।

 

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