chennai hindi news : केंद्र सरकार के खिलाफ सीएम लाएं खण्डन प्रस्ताव

NEET case : डीएमके अध्यक्ष एम. के. स्टालिन ने मुख्यमंत्री से मांग की है कि नीट की अनिवार्यता से छूट के लिए राज्य विधानसभा में पारित दो विधेयकों को निरस्त करने पर वे केंद्र सरकार के खिलाफ खण्डन प्रस्ताव लाएं

दिनकरण और मुत्तअरसन ने भी की आलोचना

 

By: MAGAN DARMOLA

Published: 07 Jul 2019, 06:22 PM IST

चेन्नई. डीएमके अध्यक्ष एम. के. स्टालिन ने मुख्यमंत्री ईके पलनीस्वामी से मांग की है कि नीट (NEET) की अनिवार्यता से छूट के लिए राज्य विधानसभा में पारित दो विधेयकों को निरस्त करने पर वे केंद्र सरकार के खिलाफ खण्डन प्रस्ताव लाएं। डीएमके अध्यक्ष ने शनिवार को वक्तव्य जारी किया कि तमिलनाडु विधानसभा में १ फरवरी २०१७ को दो विधेयक पारित कर राष्ट्रपति की मंजूरी के लिए १८ फरवरी को भेजे गए। इसके २७ महीने बाद केंद्र सरकार ने शनिवार को मद्रास हाईकोर्ट में इन दोनों बिलों को निरस्त किए जाने की जानकारी दी है जो कि चिंताजनक है।

उन्होंने मांग की कि केंद्र सरकार अपने इस इरादे की समीक्षा करे और तमिलनाडु विधानसभा की भावनाओं का सम्मान करे। तमिलों की भावनाओं को दर्शित करने वाले इन विधेयकों को खारिज किए जाने पर केंद्र सरकार के खिलाफ खण्डन प्रस्ताव लाया जाना चाहिए। मुख्यमंत्री एडपाड़ी पलनीस्वामी विधानसभा में यह प्रस्ताव लाएं।

https://www.patrika.com/chennai-news/chennai-news-continuous-efforts-for-seek-exemption-from-neet-4805761/

भाकपा के प्रदेश सचिव मुत्तअरसन ने सवाल किया कि राज्य की भलाई के लिए केंद्र सरकार के साथ तालमेल बनाए रखने का दावा करने वाले मुख्यमंत्री पलनीस्वामी अब क्या कहेंगे? भाकपा चाहती है कि सरकार राज्य को नीट से छूट दिलाने के अगले चरण के उपाय करें।

एएमएमके महासचिव टीटीवी दिनकरण ने विधानसभा के मौजूदा सत्र में ही नया बिल पेश कर नीट को समाप्त करने के कदम उठाए जाएं। तमिलनाडु के सांसदों को भी संसद में नीट से छूट को लेकर आवाज उठानी चाहिए।

MAGAN DARMOLA
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