दक्षिण भारत का #रसम क्यों बना इंटरनेट का पसंदीदा

कोरोना वायरस के कारण अचानक ही सोशल मीडिया में दक्षिण भारतीय डिश रसम को वायरल कर दिया।

चेन्नई. कोरोना वायरस के कारण अचानक ही सोशल मीडिया में दक्षिण भारतीय डिश रसम को वायरल कर दिया। इसके वायरल होने के पीछे क्या कारण हो सकते है, जब इस डिश के बारे में जानकारी जुटाई गई तो पता चला कि रसम पाउडर में उपयोग में आने वाली अधिकतर सामग्री विटामिन सी से भरपूर है। और दूसरे इनग्रेडिएंटस भी रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने में मदद करते है।

विटामिन्स सी से भरपूर

रसम में मुख्यत: ईमली का पानी , टमाटर, काली मिर्च का उपयोग किया जाता है। ये सभी खाद्य पदार्थ विटामिन्स सी से भरपूर होते हैं और विज्ञान के अनुसार विटामिन सी हमारी रोगो से लडऩे की क्षमता को बढ़ाता है। इस बात की पुष्टि करते हुए होमियोपैथी डॉ. स्वर्णलता ने कहा कि रसम में इन तीनों के साथ ही भारतीय मसाले होते है , जैसे कि हल्दी, ये एक एंटिबायोटिक है। अदरक , लहसुन मैथी , जीरा और धनिया का भी सर्दी, खांसी और मौसमी बुखार में उपयोग किया जाता है। उनका कहना था कि अभी तक ये साबित नहीं हुआ है कि रसम के उपयोग से कोरोना से बचाव किया जा सकता है। लेकिन फिर भी रसम के नियमित उपयोग से रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाई जा सकती है।

ज्ञातव्य है कि दक्षिण भारत के बदलते मौसम में भी रसम पूरे साल भर दक्षिण भारतीयों की पसंदीदा डिश रहती है। यहां डेंगू बुखार के दस्तक देते ही सभी जगह निलाम्वेबु कषायम उपलब्ध हो जाता है। जो कि डेंगू के कारण रक्त कोषिकाओं की गिरती हुई सं या बढ़ाकर रोग से लडऩे की क्षमता प्रदान करता है।
...

Corona virus
shivali agrawal
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned