कोरोना काल में तमिलनाडु में अब वीडियो कॉलिग के माध्यम से परिजनों से बात कर सकेंगे कैदी

ऑनलाइन पॉर्टल ई-मुलाकात के माध्यम से तमिलनाडु में पिछले 15 दिनों में 770 कैदियों ने अपने परिजन और अधिवक्ताओं से वीडियो कॉल कर बात की।

By: PURUSHOTTAM REDDY

Published: 24 Jul 2021, 06:15 PM IST

चेन्नई.

कोरोना गाइडलाइन के मद्देजनर जेलों में बंद कैदी अपने परिजनों से नहीं मिल सकते हैं, उन्हे केवल फोन पर बात करने की सुविधा दी जा रही थी, लेकिन अब नई व्यवस्था के तहत कैदी अपने परिजनों से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए बात कर सकेंगे।

कोरोना के दूसरे नए स्वरूप के अस्तित्व में आने के बाद कैदियों के उनके परिजनों से मुलाकात पर रोक लगा दी गई थी, लेकिन अब अब ऑनलाइन पॉर्टल ई-मुलाकात के माध्यम से तमिलनाडु में पिछले 15 दिनों में 770 कैदियों ने अपने परिजन और अधिवक्ताओं से वीडियो कॉल कर बात की।

जेल विभाग के अधिकारियों के अनुसार विभाग ने ई-मुलाकात योजना के लिए 58 स्मार्टफोन खरीदे ओर इन स्मार्टफोन को जेल अधिकारियों को सौंप दिए गए। इसके अलावा जेल कैदी रोजाना अपने परिजनों से फोन पर बात कर सकेंगे।

पोर्टल पर कराना होगा रजिस्ट्रेशन

ई मुलाकाती के लिए कैदियों के परिजनों को नेशनल प्रीजन इन्फार्मेशन पोर्टल पर जाकर ई मुलाकाती पर अपना रजिस्ट्रेशन कराना होगा। रजिस्ट्रेशन के लिए बंदी का नाम, उम्र, लिंग, मोबाइल नंबर, आधार कार्ड नंबर, राज्य व जिले का नाम अपलोड करना अनिवार्य होगा। अपलोड करने के बाद सबमिट पर क्लिक करते ही यह मंडल कारा में बने ई मुलाकाती सिस्टम (वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग) के जरिए जुड़ जाएगा और बातचीत आरंभ हो जाएगा।

राज्य के 110 स्थानो से ई मुलाकाती

कारागार एवं सुधार सेवा महानिदेशालय सुनील कुमार सिंह ने कहा कि ई-मुलकत प्रणाली कैदियों के सहूलियत के लिए श्ुरू किया गया है। ई मुलाकाती रिश्तेदारों और अधिवक्ताओं के लिए सुविधाजनक और उपयोगी है। सभी नौ केंद्रीय कारागारों, महिलाओं के लिए पांच विशेष जेलों, 12 जिला जेलों, 84 उप जेलों और विशेष उप जेलों सहित 110 स्थानों पर वीडियो कांफ्रेंसिंग सुविधा शुरू हो गई है।

PURUSHOTTAM REDDY
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