कोरोना की अनाधिकृत जांच करने पर पैथोलॉजी लैब सील

अवैध जांचों की शिकायत पर प्रशासन के छापा में मिले एंटीजन किट के रेपर

6 माह से अवैध रूप से पैथोलॉजी लैब संचालक कर रहे थे कोरोना किट से जांच

By: Dharmendra Singh

Updated: 17 Apr 2021, 09:27 PM IST

छतरपुर। जिला प्रशासन की टीम ने कोरोना की अवैध जांच करने पर छत्रसाल चौक स्थित बुंदेलखंड पैथोलॉजी लैब को सील कर दिया है। एडीएम बीबी गंगेले ने छतरपुर तहसीलदार संजय शर्मा की मौजूदगी में शुक्रवार की देर रात बुंदेलखंड पैथोलॉजी लैब पर पहुंचकर जांच की थी। प्रशासन की टीम को लैब से 25 से अधिक कोविड जांच की किटें मिली। आरोपी लैब संचालक सुनील पाठक पर धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर लिया गया है। वहीं, प्रशासन उस पर रासुका के तहत कार्रवाई करने का प्रस्ताव बना रहा है।

पिछले साल से चल रही अवैध जांच
शहर के छत्रसाल चौराहा स्थित विभिन्न पैथालॉजी लैब के संचालक पाठक अवैध रूप से लोगों की कोविड-19 किट के माध्यम से 1500 से 3000 रुपए लेकर कोविड की जांच कर रहे थे। सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक पिछले साल से ही लैब में अवैध रुप से कोरोना की जांचे हो रही थी। जांच कराने वालों को कोविड की रिपोर्ट नहीं दी जाती, केवल मौखिक रुप से उन्हें बताया जाता था। सूत्रों का ये भी कहना है कि शहर के कुछ डॉक्टर संदिग्धों को इस लैब पर जांच के लिए भेजते थे।

जल्द रिपोर्ट के चक्कर में जांच करा रहे लोग
पूरे जिले में इन दिनों सौ से अधिक कोरोना के मरीज लगातार सामने आ रहे हैं। इस कारण जिला अस्पताल सहित जिले में मौजूद विभिन्न फीवर क्लीनिकों पर लोग अपना कोविड सैंपल देते हुए जांच करा रहे हैं। संदिग्ध अपनी रिपोर्ट जल्द पाने के चक्कर में निजी लैब से जांच करा रहे हैं। इस बात का फायदा उठाते हुए शहर में छत्रसाल चौराहा स्थित पैथालॉजी लैब सहित अन्य जिला मुख्यालय सहित पैथालॉजी संचालक 1500 से 3000 रुपए लेकर अवैध रूप से चुपचाप कोविड-19 एजी किट के माध्यम से जांच कर रहे हैं।

Dharmendra Singh
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