Corona: आयुष विंग ने भी बंद की सामान्य ओपीडी, जानें वजह

- इमरजेंसी रहे चालू तथा कॉल पर भी मौजूद रहेंगे डॉक्टर, विशेष ओपीडी में लगी रही लम्बी कतार

By: Dinesh Sahu

Published: 27 Mar 2020, 03:22 PM IST

छिंदवाड़ा/ नोवेल कोरोना वायरस से बचाव एवं रोकथाम के लिए अब आयुष औषधालय-चिकित्सालयों की व्यवस्था में भी बदलाव किया गया है। इसके लिए संचालनालय आयुष मध्यप्रदेश ने 31 मार्च 2020 तक सामान्य ओपीडी को बंद रखने तथा सर्दी-जुखाम अथवा फ्लू की ओपीडी चालू रखने के निर्देश दिए है। साथ ही आयुष चिकित्सा अधिकारी तथा पैरामेडिकल स्टाफ को इमरजेंसी, कॉल तथा सिविल सर्जन द्वारा तैयार किए गए रोस्टर के आधार पर कार्य करने के निर्देश दिए गए है।

इस संदर्भ में डॉ. राजीव मिश्रा, आयुष नोडल अधिकारी कोरोना वायरस रोग नियंत्रण संचालनालय आयुष मप्र ने निर्देश जारी कर दिए है। इसके तहत सामान्य ओपीडी, पंचकर्म एवं फिजियोथेरेपी यूनिट समेत इलेक्टिव सर्जरी को 31 मार्च तक बंद कर दिया गया है तथा संस्था में प्रसव केंद्र होने की स्थिति में उसका संचालन यथावत रखा गया है। साथ ही चिकित्सा केंद्रों में सभी डॉक्टरों के मोबाइल नम्बर प्रदर्शित किए जाएंगे, जिससे मरीज घर से ही चिकित्सा परामर्श प्राप्त कर सके। चिकित्सा केंद्रों में सोशल डिस्टेंनसिंग निर्धारित दूरी के तहत रखना सुनिश्चित किया जाना है।

वहीं अंतरंग विभाग (आइपीडी) भर्ती ऐसे मरीज जिनका उपचार घर पर ही रहकर हो सकता है, उन्हें उपयुक्त चिकित्सकीय सलाह देकर डिस्चार्ज किया जाना है। शासन के निर्देशानुसार कोरोना वायरस प्रतिरोधात्मक उपाय के लिए विभिन्न गतिविधियां जैसे, वायरस से बचाव की जागरूकता, डोर टू डोर प्रचार-प्रसार, पोस्टर, फ्लैक्स, होर्डिंग एवं प्रतिरोधात्मक औषधि वितरण आदि जारी रखा जाना है।

- एक सप्ताह में करीब 500 ने ली दवा -


कोरोना संक्रमण से सुरक्षा के लिए आयुष विभाग से पिछले एक सप्ताह में करीब 500 मरीजों ने आयुर्वेदिक और यूनानी पद्धति की दवाइयां जिला अस्पताल में संचालित आयुष विंग से प्राप्त की है। बताया जाता है कि यह क्रम लगातार जारी है।

विशेष ओपीडी में लगी मरीजों की कतार -

इधर जिला अस्पताल की पुरानी बिल्डिंग में बनाई गई सर्दी-जुखाम, बुखार से पीडि़त मरीजों के लिए विशेष ओपीडी में गुरुवार को बड़ी संख्या में मरीज पहुंचे तथा सोशल डिस्टेनसिंग की वजह से लम्बी कतार देखने को मिली। बताया जाता है कि ओपीडी में 50 से अधिक लोगों ने जांच कराई तथा कॉल सेंटर के माध्यम से कोरोना की जांच के लिए दोपहर तक 48 प्रकरण दर्ज किए जा चुके थे।

Corona virus
Show More
Dinesh Sahu
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned