कोरोना वायरस :मरीजों की सुरक्षा पर नहीं प्रशासन का ध्यान

सिविल अस्पताल में उपचार करने पहुंच रहे मरीजों को अब तक आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध नहीं हो पा रही हैं।

पांढुर्ना. कोरोना वायरस को लेकर मरीजों में भ य नजर आ रहा है। सिविल अस्पताल में उपचार करने पहुंच रहे मरीजों को अब तक आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध नहीं हो पा रही हैं। मौसम में आए अचानक बदलाव की वजह से गुरूवार को तेज बुखार और सर्दी जुकाम के मरीजों की संख्या में भी इजाफा नजर आया। यहां पर न तो मरीजों को मास्क उपलब्ध हैं और न ही उन्हें कोई सलाह देने वाला नजर आ रहा है। मरीज अपने दुपट्टे, रूमाल को मुंह पर ढंककर खुद की सुरक्षा करते नजर आ रहे हैं।
इस सावधानी से वे खुद के साथ ही अपने आसपास के लोगों को भी सुरक्षित रखने में कामयाब हुए। परंतु इस बीच बैतूल से आए बुजुर्ग 60 वर्षीय श्यामराव ने बताया कि उसे तेज बुखार और सर्दी जुकाम हो गया है। उससे चलते भी नहीं बन रहा था, वह अपने गले में टंगे गंदे दुपट्टे से मुंह ढंककर अस्पताल परिसर में खांसता रहा। इसी तरह से कई मरीज भी ऐसे ही नजर आए जो बिना सुरक्षा के इलाज कराने आए थे। अस्पताल में कोई भी कर्मचारी इन मरीजों को सुरक्षा के इंतजाम या वायरस न फैले इस पर सलाह नहीं दे रहा था। मरीजों ने बताया कि मास्क और सेनिटाईजर बाजार में हैं तो लेकिन बड़े लोगों ही खरीद पा रहे हैं। हम गरीब भगवान के भरोसे हैं।
सरकार की ओर से कोई राहत भरे कदम नहीं
इस मामले में सरकार की ओर से कोई राहत भरे कदम नहीं उठाएं जा रहे हैं। अब तक कहीं पर भी न तो कोरोना को लेकर कार्यशाला आयोजित की जा सकी है और न ही आम लोगों को जरूरी सलाह दी जा सकी है। इधर दूसरी ओर तहसील की सीमा से लगे महाराष्ट्र में राज्य शासन ने हाईअलर्ट घोषित कर सभी सार्वजनिक सरकारी और गैर सरकारी संस्थानों पर ताले लगा दिए है। जिससे वहां रहने वाले लोग अब पांढुर्ना से जरूरी वस्तुएं खरीदने के लिए पहुंच रहे हैं।

SACHIN NARNAWRE
और पढ़े

MP/CG लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned