Decision: राशन दुकानों के आवंटन को लेकर होगा बदलाव, अध्यक्ष ने दिए निर्देश

Decision: महिला स्व-सहायता समूहों को दी जाएं राशन दुकानें, खाद्य आयोग अध्यक्ष ने की खाद्यान्न वितरण व्यवस्था की समीक्षा, जनप्रतिनिधियों ने दिए सुझाव

By: prabha shankar

Published: 27 Nov 2019, 10:59 AM IST

छिंदवाड़ा/ राज्य खाद्य आयोग के अध्यक्ष राज किशोर स्वॉई ने कहा कि जिले की हर ग्राम पंचायत मुख्यालय पर सहकारी सोसाइटी के माध्यम से राशन दुकान संचालित की जा रहीं हंै। जहां पर सोसायटी नहीं है, वहां महिला स्व-सहायता समूह के माध्यम से राशन दुकानों को संचालित करने का प्रयास किया जाएगा। उन्होंने कलेक्टर कार्यालय के सभाकक्ष में जिले में खाद्यान्न वितरण से सम्बंधित बैठक में कहा कि पीले राशन कार्ड में 35 किलोग्राम राशन दिया जाता है और सभी प्रकार का अनाज एक रुपए प्रति किलो में उपलब्ध कराया जाता है।
आंगनवाड़ी के माध्यम से बच्चों को तीन प्रकार से भोजन उपलब्ध कराया जाता है जिसमें नाश्ता, दोपहर का भोजन और कुपोषित बच्चों के लिए थर्ड मील शामिल है। मध्याह्न भोजन में भी राशन उपलब्ध कराया जाता है। इनका सम्बंध गरीब वर्ग से है, इसलिये यह देखें कि बड़े लोग अपने प्रभाव का उपयोग कर सस्ता अनाज तो नहीं ले रहे हैं।
उन्होंने प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के सम्बंध में चर्चा करते हुए बताया कि यदि बीपीएल की महिला पहली बार गर्भवती होती है तो उसके खाते में छह हजार रुपए की राशि जमा की जाती है और सम्बल योजना के अंतर्गत भी गर्भवती महिला के पोषण के लिए राशि दी जाती है। इन दोनों योजनाओं को मिलाकर गर्भवती महिला को 14 हजार रुपए दिए जाते हैं। उन्होंने कहा कि यह देखें कि वास्तव में इस राशि का सही उपयोग हो रहा है या नहीं। यदि किसी माह में लगातार तीन दिन तक मध्याह्न भोजन न मिला या पूरे माह पांच दिन मध्याह्न भोजन बंद रहा तो सम्बंधित व्यक्ति को दोषी मानते हुए बाजार मूल्य से डेढ़ गुना राशि उससे वसूल कर सम्बंधित बच्चों के खाते में जमा करने का प्रावधान है।
जिला पंचायत अध्यक्ष कांता ठाकुर ने हर्रई विकासखंड में नियमित रूप से मध्याह्न भोजन उपलब्ध कराने के लिए कहा। जनपद पंचायत अध्यक्ष जुन्नारदेव सुशीला इवनाती ने पौष्टिक भोजन की कास्ट बढ़ाने और भोजन की गुणवत्ता में सुधार के लिए कहा।

Show More
prabha shankar
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned