scriptLaw made but slow to enforce | Law: कानून बनाया पर पालन कराने वाले सुस्त | Patrika News

Law: कानून बनाया पर पालन कराने वाले सुस्त

मिलावटी खुली सामग्री बेचकर आम लोगों की सेहत से कोई खिलवाड़ न करे इसके लिए 16 वर्ष पहले खाद्य मानक सुरक्षा अधिनियम बनाया गया।

छिंदवाड़ा

Published: April 28, 2022 12:08:47 pm

छिंदवाड़ा. मिलावटी खुली सामग्री बेचकर आम लोगों की सेहत से कोई खिलवाड़ न करे इसके लिए 16 वर्ष पहले खाद्य मानक सुरक्षा अधिनियम बनाया गया। कानून बनाने के पीछे का मकसद था कि बाजार में कोई भी खुली सामग्री न बिके जिससे लोगों की सेहत पर नुकसान पहुंचे, लेकिन यह कानून कागजों तक ही सीमित रह गया है।

news
news

जिला मुख्यालय से लेकर विकासखण्ड मुख्यालय तक सबसे अधिक सामग्री खुली ही बेची जा रही है। इस पर प्रभावी कार्रवाई की जिम्मेदारी स्वास्थ्य विभाग और खाद्य विभाग की है, किन्तु पर्याप्त स्टॉफ होने के बावजूद खुली सामग्री की बिक्री पर रोक लगाने के लिए अभी तक कोई अभियान सम्बंधित विभागों की ओर से नहीं प्रारंभ किया गया है। यह बात जरूर है कि विभाग को मिलावटी साग्री के जांच सेम्पल की रिपोर्ट आने का इंतजार महीनों तक करना पड़ता है, लेकिन खुली सामग्री की बिक्री को लेकर विभाग का अमला दुकानों पर जांच कर उचित दिशा निर्देश दे सकते हैं और कार्रवाई भी कर सकते हैं। खाद्य सुरक्षा कानून (फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड एक्ट-2006) के तहत मिलावटी खुले में सामग्री बेचने वाले दुकानदारों पर जुर्माने का प्रावधान है और उन्हें जेल भी जाना पड़ सकता है। पांच अगस्त 2011 को लोकसभा में पारित खाद्य सुरक्षा कानून के तहत 12 लाख रुपए सालाना आय वाले व्यवसायी को खाद्य लाइसेंस लेना भी अनिवार्य है। इस कानून के तहत खुले में बेची जा रही और मिलावटी सामग्री के सैंपल भरने का प्रावधान है। सैंपल फेल होने की स्थिति में दुकानदार के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जानी तय है। इस स्थिति में 10 लाख रुपए तक जुर्माना और छह साल तक की सजा भी हो सकती है।

कानून तोड़ा तो यह है सजा

-जिस प्रकार का खाद्य पदार्थ मांगा गया है, वैसा नहीं दिए जाने पर शिकायत होने और सही पाए जाने पर दो लाख रुपए के जुर्माने का प्रावधान है। घटिया स्तर की खाद्य सामग्री बेचने पर तीन लाख रुपए का जुर्माना। किसी भी खाद्य पदार्थ का गलत या भ्रम पैदा करने वाले विज्ञापन देने पर दस लाख का अर्थदंड। खाद्य सुरक्षा अधिकारी की तरफ से दिए गए निर्देश का पालन नहीं करने पर दो लाख रुपए जुर्माना। जुर्माने की रकम समय पर जमा नहीं कराने पर भू राजस्व के रूप में वसूली ऐसा नहीं होने पर लाइसेंस निलंबित किया जाएगा। निर्धारित समय में जुर्माना अदा नहीं करने पर एक से तीन साल की कैद। खाद्य सुरक्षा कानून का उल्लंघन करने पर पांच लाख रुपए जुर्माना और छह साल की सजा सुनाई जाएगी। विभाग को झूठी सूचना या दस्तावेज देने पर तीन महीने की कैद और दो लाख रुपए का जुर्माना चुकाना पड़ेगा। सबसे जरूरी बात यह कि बगैर लाइसेंस खाद्य वस्तुओं का व्यापार करने पर छह महीने की कैद तथा पांच लाख रुपए का जुर्माने का प्रावधान है।

सबसे लोकप्रिय

शानदार खबरें

Newsletters

epatrikaGet the daily edition

Follow Us

epatrikaepatrikaepatrikaepatrikaepatrika

Download Partika Apps

epatrikaepatrika

Trending Stories

1119 किलोमीटर लंबी 13 सड़कों पर पर्सनल कारों का नहीं लगेगा टोल टैक्सयहाँ बचपन से बच्ची को पाल-पोसकर बड़ा करता है पिता, जैसे हुई जवान बन जाता है पतिशुक्र का मेष राशि में गोचर 5 राशि वालों के लिए अपार 'धन लाभ' के बना रहा योगराजस्थान के 16 जिलों में बारिश-आंधी व ओलावृ​ष्टि का अलर्ट, 25 से नौतपाजून का महीना इन 4 राशि वालों के लिए हो सकता है शानदार, ग्रह-नक्षत्रों का खूब मिलेगा साथइन बर्थ डेट वालों पर शनि देव की रहती है कृपा दृष्टि, धीरे-धीरे काफी धन कर लेते हैं इकट्ठा7 फुट लंबे भारतीय WWE स्टार Saurav Gurjar की ललकार, कहा- रिंग में मेरी दहाड़ काफीशुक्र देव की कृपा से इन दो राशियों के लोग लाइफ में खूब कमाते हैं पैसा, जीते हैं लग्जीरियस लाइफ

बड़ी खबरें

जापान में पीएम मोदी का जोरदार स्वागत, टोक्यो में जापानी उद्योगपतियों से की मुलाकातज्ञानवापी मस्जिद मामलाः सुप्रीम कोर्ट में दाखिल हुई एक और याचिका, जानिए क्या की गई मांगऑक्सफैम ने कहा- कोविड महामारी ने हर 30 घंटे में बनाया एक नया अरबपति, गरीबी को लेकर जताया चौंकाने वाला अनुमानसंयुक्त राष्ट्र की चेतावनी: दुनिया के पास बचा सिर्फ 70 दिन का गेहूं, भारत पर दुनिया की नजरबिहार में भीषण सड़क हादसा, पूर्णिया में ट्रक पलटने से 8 लोगों की मौतश्रीनगर पुलिस ने लश्कर के 2 आतंकवादियों को किया गिरफ्तार, भारी संख्या में हथियार बरामदGood News on Inflation: महंगाई पर चौकन्नी हुई मोदी सरकार, पहले बढ़ाई महंगाई, अब करेगी महंगाई से लड़ाईकोरोना वायरस का नहीं टला है खतरा, डेल्टा-ओमिक्रॉन के बाद अब दो नए सब वैरिएंट की दस्तक से बढ़ी चिंता
Copyright © 2021 Patrika Group. All Rights Reserved.