डेयरी से हजारों लीटर दूध लेकर भागने वाले का अब भी चल रहा है ठेका

चित्तौडग़ढ़-प्रतापगढ़ दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ (सरस डेयरी) से जो चालक हजारों लीटर दूध से भरा टैंकर लेकर भाग गया। उसका ठेका अब तक भी निरस्त नहीं किया गया है। डेयरी पर तैनात सुरक्षाकर्मी भी लगातार हो रही चोरियों के चलते जांच के दायरे में आ गए है।

By: jitender saran

Published: 01 Jul 2019, 11:57 PM IST

-डेयरी के सिक्यूरिटी सिस्टम पर भी उठ रहे हैं सवाल
-सुरक्षा गार्ड्स तैनात होने के बावजूद काटे गए सीसीटीवी कैमरे के तार
-एमडी बोले, प्लांट प्रभारी को दिए हैं कार्रवाई के निर्देश
चित्तौडग़ढ़
चित्तौडग़ढ़-प्रतापगढ़ दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ (सरस डेयरी) से जो चालक हजारों लीटर दूध से भरा टैंकर लेकर भाग गया। उसका ठेका अब तक भी निरस्त नहीं किया गया है। डेयरी पर तैनात सुरक्षाकर्मी भी लगातार हो रही चोरियों के चलते जांच के दायरे में आ गए है।
डेयरी में पिछले दिनों प्रभुलाल शर्मा नामक व्यक्ति टैंकर की नम्बर प्लेट बदलकर ८ हजार ७०० लीटर दूध लेकर भाग गया था। इस दूध को बाद में बेच देने के खबरें भी सामने आई। इस दूध की कीमत करीब तीन लाख रूपए से ज्यादा बताई गई है। इस संबंध में सदर थाने में प्रकरण भी दर्ज कराया गया। प्रबंध संचालक ने बाद में इस मामले में कार्रवाई करते हुए संबंधित ठेकेदार पूजा आचार्य के ठेके निरस्त कर दिए थे। इससे पहले दूध की थैलियां चोरी होने के मामले में कवि शंकर आचार्य का ठेका निरस्त किया गया था। सूत्रों की मानें तो प्रभुलाल शर्मा बीएमसी से टैंकर से दूध लाकर डेयरी पहुंचाने का काम करता है। वह काम पूजा आचार्य के ठेके का काम देखता है। प्रभुलाल शर्मा ही दूध का टैंकर लेकर भागा था। इतना होने के बावजूद भी डेयरी में प्रभुलाल शर्मा का भी ठेका चल रहा है। डेयरी प्रशासन ने ठेकेदार पूजा आचार्य का ठेका तो निरस्त कर दिया, लेकिन उसके ठेके में काम करने वाले इस व्यक्ति ने खुद भी ठेका ले रखा है, जिसे अब तक निरस्त नहीं किया गया। डेयरी के प्रबंध संचालक सोहनलाल बरड़वा का कहना है कि उन्होंने प्रभुलाल शर्मा का ठेका निरस्त करने के संबंध वे प्लांट प्रभारी एस.के. पुरोहित को लिखित में निर्देश दे चुके हैं। अब तक ठेका निरस्त क्यों नहीं हुआ, इसकी जांच करवाई जाएगी।
सुरक्षाकर्मी तैनात तो फिर कैसे कटे तीसरी आंख के तार
डेयरी में किसी भी तरह की गड़बड़ी पर नजर रखने के लिए तीसरी आंख यानी सीसीटीवी कैमरे लगाए हुए है, लेकिन जिस दिन ८ हजार ७०० लीटर दूध चोरी किया गया, उस दिन वाहनों का तोल करने वाली जगह लगे सीसीटीवी कैमरे के तार कटे हुए मिले। कैमरा बंद होने से उसमें फुटेज नहीं आ पाए। यह सब डेयरी परिसर के भीतर हुआ है। वहां सुरक्षा व्यवस्था और गतिविधियों पर नजर रखने के लिए सुरक्षा गाडर््स तैनात है। सुरक्षा एजेन्सी को इसके बदले बड़ी राशि का भुगतान भी डेयरी की ओर से किया जाता रहा है। इसके बावजूद डेयरी से दूध, दूध की थैलियां चोरी होने और सीसीटीवी कैमरे के तार कटने की घटनाओं के चलते यहां तैनात सुरक्षा गाडर्ï्स भी जांच के घेरे में आ गए है। कहीं न कहीं सुरक्षा कर्मियों की मिलीभगत होने से भी इनकार नहीं किया जा सकता।

jitender saran Reporting
और पढ़े

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned