चूरू नगर परिषद के इतिहास में सबसे कम आयु की पहली सभापति बनी पायल

Nagar Parishad Churu: चूरू नगरपरिषद से कांग्रेस से 29 साल की पायल सैनी ने जीत हासिल की है। पायल को कुल 60 मतों में से 42 मत मिले जबकि भाजपा की निर्मला सैनी को 18 मत प्राप्त हुए।

By: santosh

Updated: 27 Nov 2019, 10:52 AM IST

चूरू। चूरू नगरपरिषद ( nagar parishad churu ) से कांग्रेस से 29 साल की पायल सैनी ने जीत हासिल की है। पायल को कुल 60 मतों में से 42 मत मिले जबकि भाजपा की निर्मला सैनी को 18 मत प्राप्त हुए। ऐसे में 24 मतों के बड़े अंतर से पायल विजयी रही। चूरू नगर परिषद के इतिहास में पायल सबसे कम आयु की पहली सभापति बनी हैं। इनसे पहले 10 सभापति उनसे अधिक आयु के रहे।

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चूरू में सात निर्दलीय प्रत्याषी चुनकर आए थे। जिनमें से 6 ने कांग्रेस के पक्ष में मतदान किया। यहां भाजपा निर्दलीयों को अपने पक्ष में मानकर चल रही थी, लेकिन उनको केलव पार्टी के पार्षदों पर ही संतोष करना पड़ा। सभापति चुने जाने के बाद पायल सैनी ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि सीवरेज के नाम पर भाजपा ने लूट मचाई है। शहर गड्ढों में तबदील हो गया है। कार्यभार ग्रहण करने के बाद इन गड्ढों को भरा जाएगा।

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इधर, राजगढ़ में कांग्रेस की रजिया चार मतों से पालिकाध्यक्ष का चुनाव जीतीं। रजिया राजगढ़ में चौथी महिला पालिकाध्यक्ष बनी हैं। उन्हें 40 में से 22 वोट मिले, जबकि भाजपा की लता को 18 वोट मिले। कांग्रेस की रजिया, भाजपा की लता, बसपा से ललिता के अलावा अफरोज बानो व दामिनी निर्दलीय के रूप में मैदान में थीं।

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रजिया के ससुर हासम खां 9 बार लगातार पार्षद और दो बार कार्यवाहक चेयरमैन रह चुके हैं। रजिया ने पहला चुनाव लड़ा। 1960 से परिवार लगातार पालिका का चुनाव लड़ रहा है। उनके पति नियाज मोहम्मद हाल ही में एएसपी पद से रिटायर हुए हैं।

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