झारखंड में सड़क किनारे युवती का अधजला शव बरामद, गर्भवती होने की आशंका

  • झारखंड के खूंटी में बृहस्पतिवार सुबह बरामद हुआ अधजला शव।
  • पुलिस ने जताई युवती के गर्भवती होने की आशंका।
  • हैदराबाद में बीते माह बरामद हुए थे दो महिलाओं के अधजले शव।

Amit Kumar Bajpai

December, 2605:00 PM

रांची। अभी हैदराबाद में महिला पशु चिकित्सक के अधजले शव के बाद दूसरी महिला के अधजले शव का मामला पूरी तरह खत्म भी नहीं हुआ था, कि झारखंड के खूंटी में बृहस्पतिवार सुबह एक युवती का अधजला शव बरामद किया गया है। खूंटी के तिरिलटोली गांव के पास ग्रामीणों ने इस शव को देखने के बाद पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।

जानकारी के मुताबिक पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में लिया और फिर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस ने इस संबंध में आसपास के लोगों से पूछताछ भी की। हालांकि पुलिस अभी तक युवती के शव की शिनाख्त नहीं कर सकी है।

जानकारी मिलने के बाद घटनास्थल पर झारखंड पुलिस के डीएसपी आशीष महली भी पहुंचे। महली ने जांच-पड़ताल के दौरान मीडिया से बातचीत में कहा कि युवती की उम्र तकरीबन 25 वर्ष की रही होगी। उन्होंने आशंका जताई कि संभवता युवती की कहीं और हत्या करने के बाद यहां पर लाकर शव को जलाने की कोशिश की गई होगी। महली ने यह भी आशंका जाहिर की कि युवती गर्भवती भी हो सकती है, लेकिन इस बारे में पूरी जानकारी पोस्ट मार्टम रिपोर्ट आने के बाद मिल सकेगी।

घटनास्थल पर शव के नजदीक ही एक बटुआ भी बरामद किया गया है, हालांकि इसमें युववती की पहचान से जुड़ा कुछ भी नहीं मिल सका। पुलिस मामले की तह तक जाने के लिए कई दृष्टिकोण से जांच में जुटी है।

गौरतलब है कि बीते माह 27 नवंबर की रात तेलंगाना स्थित हैदराबाद के बाहरी इलाके में चार व्यक्तियों ने एक महिला पशु चिकित्सक की गैंगरेप के बाद हत्या कर दी थी। उन्होंने शव को जला भी दिया था लेकिन अधजली हालत में अगले दिन सुबह शव बरामद किया गया था।

पुलिस ने तेजी दिखाते हुए इस मामले से जुड़े चार आरोपियों को धरा था, और बीते 6 दिसंबर को आरोपी लॉरी चालक मोहम्मद आरिफ (26) और चिंताकुंटा चेन्नाकेशवुलु (20) और लॉरी क्लीनर जोलू शिवा (20) और जोलू नवीन (20) पुलिस के साथ मुठभेड़ में मारे गए थे।

हैदराबाद महिला डॉक्टर मामले में पुलिस एनकाउंटर सवालों के घेरे में

पुलिस ने दावा किया था कि पुलिस टीम इन आरोपियों को पीड़िता के शव को जलाने के बाद उनके द्वारा छिपाए गए मोबाइल और अन्य सामग्रियों को खोजने गई थी, जहां उन्होंने हथियार छीने व पुलिस पर गोली चलाई और जवाबी कार्रवाई में सभी मारे गए।

इस मुठभेड़ की सत्यता को लेकर भारी विवाद के बाद सुप्रीम कोर्ट ने इसकी जांच करने और छह महीने में रिपोर्ट दाखिल करने के लिए एक न्यायिक आयोग का गठन किया था।

वहीं, हैदराबाद के बाहरी इलाके में बरामद की गई दूसरी महिला के अधजले शव के बारे में पुलिस ने उसके मानसिक रूप से बीमार होने की बात कहते हुए उनकी शिनाख्त कर ली थी, लेकिन घटना का कारण नहीं बताया था।

Show More
अमित कुमार बाजपेयी
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned