बांदीकुई अस्पताल में ओपीडी आठ सौ के पार

dausa मौसमी बीमारियों के मरीजों में इजाफा

By: Rajendra Jain

Published: 11 Sep 2021, 10:31 AM IST

दौसा. बांदीकुई क्षेत्र में मौसमी बीमारियों का प्रकोप बढ़ता जा रहा है। उमस भरी गर्मी में लोग तेजी से बीमार पड़ रहे हैं, कहीं वायरल फीवर का असर देखने को मिल रहा है तो कही मलेरिया, सर्दी, खासी , जुकाम, उल्टी, बदनदर्द सहित डायरिया से लोग ग्रसित हो रहे हैं।
पिछले दो हफ्तों से उमश भरी गर्मी के चलते लोग डी- हाइड्रेशन और चर्म रोग से भी पीडि़त दिखाई पड़ रहे हैं। अस्पताल में ओपीडी में सुबह से ही मरीजों की भीड़ लगना शुरू हो जाती है। कोरोना संक्रमण काल में लोग सरकारी अस्पताल में जाने से परहेज कर रहे थे, लेकिन इन दिनों बडी़ संख्या में मरीजों की कतार लग रही हैं। ओपीडी में मरीजों की संख्या आठ सौ अधिक पहुंच गई हैं।

घरेलू नुस्खे बेअसर
आमतौर पर सामान्य बुखार आने पर घरेलू नुस्खों का घरों में उपयोग किया जाता है, लेकिन चिकित्सक विशेषज्ञों के अनुसार वायरल में ये बेअसर हो रहे हैं। इतना ही नहीं कि दवा दुकानो से भी मरीज स्वयं अपने स्तर पर दवा लाकर खा रहे हैं, लेकिन उससे भी सुधार के लक्षण नजर नहीं आ रहे हैं। प्रभारी डॉ. एस. एन. शर्मा के अनुसार हर साल मौसम बदलने के साथ ही मौसमी बीमारियां फैलती हैं और लगातार दवाओं के चलने से बीमारियों के वायरस बैक्टीरिया और फंगस जैसे कारक अपने आप में बदलाव ले आते हैं और दवाओं के प्रति रजिस्टेंस डवलप हो जाता हैं। इसके चलते दवाएं धीरे धीरे असर करने के कारण मरीज को ठीक होने में समय लग जाता हैं। उन्होंने वायरल फीवर से बचाव के लिए लोगों को कुछ उपाय जैसे सर्दी, खांसी के लक्षण वाले मरीजों से दूरी बनाना, गर्म माहौल के बाद एकाएक ठंडे वातावरण में ना जाना, खुले में बिक रहे खाद्य पदार्थों से परहेज करना, बूंदाबांदी में भीगने से बचना चाहिए।

करंट से नंदी की मौत : रामगढ़ पचवारा(लालसोट). रामगढ़ पचवारा कस्बे के लुहार मोहल्ले में बालाजी मंदिर के पास खुले में रखे एक ट्रांसफार्मर में आ रहे करंट की चपेट में आने से एक नंदी की मौत हो गई। मामले की जानकारी मिलने पर बड़ी संख्या में ग्रामीणों की भीड़ भी जमा हो गई।

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