दौसा में स्वैच्छिक बंद रहे बाजार, शहरों से गांवों तक सन्नाटा

दौसा में स्वैच्छिक बंद रहे बाजार, शहरों से गांवों तक सन्नाटा

Mahesh Jain | Publish: Sep, 06 2018 07:31:50 PM (IST) Dausa, Rajasthan, India

एससी-एसटी एक्ट संशोधन के विरोध में निकाली रैली: जिले में सफल व शांतिपूर्ण रहा बंद, पुलिस का रहा भारी प्रबंध

दौसा. एससी-एसटी एक्ट में संशोधन के विरोध में जिला मुख्यालय सहित जिले के अधिकतर गांव-कस्बों में सवर्ण एवं ओबीसी संघर्ष समिति के आह्वान पर गुरुवार को स्वैच्छिक बाजार बंद रहे। बंद का लोगों ने स्वत: ही समर्थन किया। इसके चलते हर तरफ सन्नाटा छाया रहा। बिना किसी के कराए ही लोगों ने सुबह से ही दुकानें नहीं खोली। मेडिकल की दुकानें भी बंद नजर आई। अधिकतर कर्मचारी कार्यालय भी नहीं गए, वहीं कई अभिभावकों ने बच्चों को विद्यालय तक नहीं भेजा। इधर, पुलिस के भी सुरक्षा व्यवस्था को लेकर व्यापक प्रबंध रहे। बाजार बंद रहने से करोड़ों रुपए का कारोबार प्रभावित हुआा।


जिला मुख्यालय पर नेहरू गार्डन में सवर्ण/ओबीसी संघर्ष समिति के आह्वान पर ब्राह्मण, वैश्य, राजपूत समाज एवं ओबीसी के सभी संगठनों के बड़ी संख्या में लोग जमा हुए। वहां से रैली के रूप में लोग सरकार के खिलाफ नारे लगाते हुए लालसोट रोड पर निकले। गांधी तिराहे से आगरा रोड और सोमनाथ चौराहा होती हुई रैली कलक्ट्रेट के मुख्यद्वार पर पहुंची। कलक्ट्रेट के मुख्यद्वार पर पहले से ही भारी संख्या में पुलिस जाप्ता तैनात था। रैली को पहुंचते ही पुलिस ने भी एहतियात के तौर पर कुछ देर के लिए कलक्ट्रेट व सोमनाथ चौराहे के बीच आवागमन बंद कराया। संघर्ष समिति ने जिला संयोजक माधोसिंह चौहान के नेतृत्व में जिला कलक्टर नरेश कुमार शर्मा को राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा।


संघर्ष समिति सह संयोजक डॉ. प्रभुदयाल शर्मा, गंगालहरी शर्मा, देवेन्द्र शर्मा, अशोककुमार बिंवाल, गजेन्द्र झाला, अनिल रामजीपुरा, देवीसिंह, मिठ्ठनलाल सैन, अमित माचीवाल, सुभाष शर्मा, महावीर उपाध्याय, दीनबंधु शर्मा, अवधेश उपाध्याय, अनिल नीमला, अनिल शर्मा, भागीरथ जैमन, सुरेश चन्द शर्मा, कृष्णमोहन शर्मा, मनोज सैन सहित अन्य ने जिला कलक्टर को ज्ञापन सौंपा। इस अवसर पर संदीप जौण, राजेन्द्र शर्मा, मुकेश उपाध्याय, अजय महेश्वरा, बाबूलाल आभानेरी, एडवोकेट राजेश कुमार, आलोक जैन, रमेश डोलिका, गंगासहाय शर्मा, ओम प्रकाश पाण्डेय, पंकज महेश्वरा, उमाशंकर होदायली, सतीश शर्मा, रतीश खैरवाल, भावना शर्मा, निशा नागर समेत बड़ी संख्या में मौजूद थे। संयोजक ने कहा कि शीघ्र ही आगामी रणनीति के लिए बैठक बुलाई जाएगी।


संशोधन होने तक जारी रहेगा आंदोलन
संघर्ष समिति ने जिला कलक्टर नरेशकुमार शर्मा को राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपकर बताया कि केन्द्र सरकार ने बिना जांच एससी/ एसटी एक्ट में जेल में डालने जैसे काले कानून को ध्वनिमत से पारित कर सामाजिक सौहार्द बिगाडऩे एवं ओबीसी तथा सवर्ण जातियों की प्रतिष्ठा धूमिल करने का कानून बनाया है। सवर्ण एवं ओबीसी समाज की भावनाओं के साथ कुठाराघात किया गया।

 

 

सुप्रीम कोर्ट के फैसले के विरुद्ध केन्द्र सरकार के द्वारा लिए निर्णय का विरोध किया है। एक्ट में संशोधन नहीं होने तक मजबूरन समाज को आंदोलन जारी रखना पड़ेगा। संविधान की मूलभावना समानता के अधिकार के बावजूद सवर्ण गरीबों को आरक्षण एवं प्रोत्साहन नहीं दिया जा रहा है। एक्ट के नाम पर सवर्ण व ओबीसी समाज को क्षति पहुंचाने की आशंका है। जातिगत आरक्षण समाप्त कर आर्थिक आधार पर सभी वर्गों को आरक्षण दिया जाए। समानता के अधिकार स्वरूप पदोन्नति में आरक्षण की व्यवस्था को खत्म किया जाए। सवर्ण आयोग की स्थापना की जाए। सवर्ण एवं ओबीसी वर्ग के व्यक्तियों के विरुद्ध आंदोलनरत दर्ज मुकदमे वापस लिए जाएं।


अधिकारियों ने रखी नजर
दौसा बंद पर जिला कलक्टर नरेशकुमार शर्मा, पुलिस अधीक्षक चूनाराम जाट, एडीएम राजवीरसिंह चौधरी, एसडीएम डॉ. गोवर्धनलाल शर्मा, पुलिस उपाधीक्षक राजेन्द्र त्यागी, दौसा तहसीलदार देवीसिंह, कोतवाली थाना प्रभारी नरेश कुमार एवं सदर थाना प्रभारी रामसिंह यादव समेत कई अधिकारियों ने नजर रखी।

दौसा में स्वैच्छिक बंद रहे बाजार, शहरों से गांवों तक सन्नाटा

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

खबरें और लेख पड़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते है । हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते है ।
OK
Ad Block is Banned