नरसिंहपुर: अपनी ही पार्टी की प्रदेश सरकार के खिलाफ जमकर गरजे पूर्व मंत्री सिन्हा

Arjun Richhariya

Publish: Jan, 13 2018 05:49:52 PM (IST)

Dhar, Madhya Pradesh, India
नरसिंहपुर:  अपनी ही पार्टी की प्रदेश सरकार के खिलाफ जमकर गरजे पूर्व मंत्री सिन्हा

पूर्व वित्त मंत्री यशवंत सिन्हा और शिवकुमार शर्मा कक्काजी के नेतृत्व में किसानों ने घेरा कलेक्टोरेट

नरसिंहपुर. एनटीपीसी के शोषण के खिलाफ 22 दिनों से अनशनरत पीड़ित किसानों के समर्थन में पूर्व मंत्री यशवंत सिन्हा व भारतीय किसान मजदूर संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष शिवकुमार शर्मा 'कक्काजी' ने सैकड़ों किसानों के साथ कलेक्टोरेट का घेराव किया और किसानों को उचित मुआवजा व नौकरी दिए जाने के संबंध में कलेक्टर को आवेदन सौंपा।
इस दौरान कलेक्टोरेट परिसर एनटीपीसी प्रबंधन के शोषण के खिलाफ नारों से गूंज उठा। किसानों को संबोधित करते हुए पूर्व वित्त मंत्री यशवंत सिन्हा ने कहा कि सरकार को किसानों को कमजोर नहीं समझना चाहिए। यशवंत सिन्हा अपनी ही पार्टी की प्रदेश सरकार के खिलाफ जमकर गरजे। उन्होंने कहा कि प्रदेश में जहां भी किसान और मजदूरों के साथ अन्याय होगा, हम व्यक्तिगत तौर पर उन आंदोलनों में शामिल होंगे।

वन अमले ने भांजी लाठियां, तो पथराव कर भागे रेत कारोबारी
मुरैना.
नेशनल हाईवे पर वन विभाग की टीम और रेत कारोबारी के बीच एक बार फिर झड़प हुई। इसमें वन अमले ने लाठियां चलाईं तो रेत कारोबारी पथराव कर ट्रैक्टर-ट्रॉलियों को भगाकर ले गए। घटना शुक्रवार सुबह घरौना हनुमान मंदिर के सामने की है।
वन अमले ने एसएएफ के जवानों के साथ मिलकर शुक्रवार सुबह रेत से लदे उन वाहनों को पकडऩे का प्लान बनाया, जो वन चौकी पर कार्रवाई से बचने के लिए घरौना मंदिर के सामने वाली रोड पर मुड़कर एक फैक्ट्री का चक्कर काटकर हाईवे पर आ जाते हैं। वन विभाग की टीम ने सुबह साढ़े 6 बजे फैक्ट्री के बगल में रेत से लदी ट्रैक्टर-ट्रॉलियों को घेरने का प्रयास किया। जब रेत कारोबारी वाहनों को भगाने का प्रयास करने लगा तो वन विभाग की टीम तथा एसएएफ के जवानों को लाठियां चलानी पड़ीं। रेत कारोबारी को लगा कि सरकारी अमला भारी पड़ रहा है तो उसने पथराव शुरू कर दिया। पत्थरों से बचने के लिए सरकारी अमला कुछ पीछे हटा तो मौका पाकर रेत कारोबारी ट्रैक्टर-ट्रॉलियों को भगाकर ले गया। ऐन वक्त पर रेत कारोबारी ने कुछ इस तरह पथराव किया कि वन अमला एक भी ट्रैक्टर-ट्रॉली को नहीं पकड़ सका।

डेढ़ घंटे बाद पहुंची पुलिस
जिस वक्त रेत कारोबारी से झड़प शुरू हुई, उसके कुछ ही देर बाद वन विभाग की तरफ से पुलिस को इस आशय की सूचना दे दी गई। लेकिन पुलिस की टीम अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अनुराग सुजानिया के नेतृत्व में डेढ़ घंटे बाद लगभग आठ बजे मौके पर पहुंची। जबकि यह स्थान शहर से बमुश्किल चार-पांच किलोमीटर की दूरी पर ही है। जिस वक्त पुलिस की टीम पहुंची, वहां सब कुछ सामान्य हो चुका था। इसलिए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक व सीएएपी एसएस तोमर लौट आए। यदि पुलिस तत्काल पहुंच जाती तो शायद रेत से लदे कुछ ट्रैक्टर-ट्रॉलियों को पकड़ा जा सकता था।

डाउनलोड करें पत्रिका मोबाइल Android App: https://goo.gl/jVBuzO | iOS App : https://goo.gl/Fh6jyB

1
Ad Block is Banned