झमाझम बारिश ने कर दिया दो साल का कोटा पूरा, अब नहीं आएगी शहर में पानी की किल्लत

शहर की जलापूर्ति करने वाले सीतापाट और दिलावरी फुल

By: Amit S mandloi

Published: 14 Sep 2019, 11:43 AM IST

धार.
शहर के लोग सालों से जलसंकट झेल रहे थे, दरअसल पर्याप्त बारिश नहीं होने के कारण नगर पालिका को गर्मी के दिनों में पेयजल आपूर्ति करने में पसीने आ जाते थे। इस बार हुई बारिश के बाद नगर पालिका अमले ने राहत की सांस ली है। हालांकि पर्याप्त पानी के बाद भी लोगों को वितरण व्यवस्था घटिया होने के कारण रोज पानी नसीब नहीं होगा, लेकिन दोनों तालाब फुल हो जाने के कारण शहर को दो साल जलसंकट का सामना नहीं करना पड़ेगा।

शहर में अभी तक 48.36 इंच बारिश हो चुकी है । इस बारिश ने वर्षों के रिकार्ड तोड़ दिए है। शहर की जलापूर्ति सीतापाट और दिलावरी तालाब से होती है। वर्षों से बारिश की खेंच के कारण तालाबों में पर्याप्त पानी नहीं आ पाता था, जिसके कारण शहर में पानी को लेकर हाहाकार मचता था। नगर पालिका अमले को विरोध का सामना भी करना पड़ता था। अब नगर पालिका दो साल तक लोगों को पानी दे सकती है।

नगर पालिका की जल प्रभारी इंजीनियर दिव्या सोलंकी ने बताया कि सीतापाट और दिलावरा तालाब दोनों ओवरफ्लो हो चुके है। सोलंकी ने बताया कि दिलावरा की कैपेसिटी 3.7 एमसीएम है, जो ओवर फ्लो हो चुका है। वहीं सीतापाट 1.68 एमसीएम कैपेसिटी है, ये भी फुल हो चुका है।

अब पालिका कर रही है जल संरक्षण

पर्याप्त बारिश के बाद भी नगर पालिका अमला जलसंरक्षण में जुटा हुआ है। शहर में जलशक्ति अभियान की शुरुआत जुलाई में हुई थी। जलप्रभारी इंजीनियर दिव्या पटेल ने बताया कि इस अभियान के तहत टयूबवेल और हैंडपंप रिचार्ज किए जा रहे है।
जितना पानी टयूबवले के आसपास बहकर आ रहा है वहां सोख्ता गडढा बना दिया है जिससे पानी फिल्टर होता है केसिंग पाईप के द्वारा टयूबवेल में डाल रहे है।

अभी तक अमला हैंडपंप सात से आठ, टयूबवेल चार से पांच को रिचार्ज कर चुका है। अभियान जारी रहेगा। जिसमें शहर भर के हैंडपंप और टयूबवेलों को रिचार्ज किया जाएगा, जिससे शहर को जलसंकट नहीं भोगना पडेगा।

Amit S mandloi
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