जानिए क्या खाएं, क्या न खाएं, क्या कम खाएं, क्या ज्यादा खाएं, क्या सबसे ज्यादा खाएं

कोई चीज कितनी खट्टी या तीखी है इसे मापने के लिए विज्ञान में पीएच नामक पैमाने (स्केल) की मदद ली जाती है।

By: विकास गुप्ता

Published: 04 Apr 2019, 01:48 PM IST

कोई चीज कितनी खट्टी या तीखी है इसे मापने के लिए विज्ञान में पीएच नामक पैमाने (स्केल) की मदद ली जाती है। पीएच लेवल यानी पावर ऑफ हाइड्रोजन। इसको 1 से 14 तक गिना जाता है और इसका संतुलित बिंदु (न्यूट्रल) 7.34 से 7.42 तक होता है। 1 से 7 तक पीएच स्तर एसिडिक (अम्लीय) व 7 से 14 तक अल्केलाइन (क्षारीय) कहलाता है। पीएच का स्तर 7.42 से नीचे आने पर एसिडिक कहलाता है और 7.34 से ऊपर जाने पर क्षारीय होता है। दोनों ही स्थितियां पीएच के असंतुलन को दर्शाती हैं। इसके कारण शरीर में संक्रमण सहित कई अन्य समस्याएं हो सकती हैं। सामान्य व्यक्ति लक्षणों के आधार पर इसके असंतुलन का अंदाजा लगा सकता है।

पीएच गड़बड़ी के लक्षण -
मुंह के छाले
मांसपेशियों में दर्द, शरीर में सूजन
एलर्जी/मुंहासे
नींद न आना व एकाग्रक्षमता में कमी
थकान/तनाव
वजन कम या ज्यादा होना
हृदय में जलन, असामान्य धड़कन

उपाय -
शरीर में कीटाणुओं को नष्ट करने के लिए थोड़े एसिड की भी जरूरत होती है। ऐसे में सामान्य व्यक्ति को अपने पीएच स्तर को सही बनाए रखने के लिए एसिड और अल्केलाइन की संतुलित डाइट लेनी चाहिए।

सामान्य लोगों को यदि इस बात की जानकारी हो कि क्या चीज कितनी मात्रा में खाई जाए और किससे बचना चाहिए, तो पीएच के असंतुलन से बचा जा सकता है। एक नजर डालते हैं इस चार्ट पर...

सबसे ज्यादा खाएं -
ऑलिव ऑइल
गोभी
गाजर
प्याज
खीरा-ककड़ी
फू्रट-जूस
अंकुरित अनाज
नींबू
एस्पेरेगस (शतावर)
हरा प्याज

ज्यादा खाएं -
पपीता
चुकंदर
तरबूज
हरी फलियां
कच्चा मटर
कंदमूल फल-रतालू
बैंगन
जामुन
बेर
ओट्स
दही

हमेशा खाएं -
केला
सेब
नाशपाती
चेरी
बाजरा
जैतून
स्ट्रॉबेरी
पत्तागोभी
जौ/बाजरा मौसमी फल

न्यूट्रल पीएच -
पानी, ताजा मक्खन, गाय का दूध, तेल (जैतून के तेल को छोड़कर)
कम खाएं-पिएं-
चाय
अंडे
मछली
राजमा
लोबिया
कॉफी
ब्राउन राइस
शक्कर

हमेशा बचें -
सोडा
बीफ
पोर्क
सी-फूड
पास्ता
अचार
शराब
सिरका
चीज चॉकलेट
मैदा
आर्टिफीशियल स्वीटनर

विकास गुप्ता
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned