बदहाल सड़क पर चलना मुश्किल, घरों में सीलन, अधिकारी नहीं ले रहे सुध

स्थानीय लोगों ने की पक्की सड़क बनाने की मांग

By: ayazuddin siddiqui

Updated: 26 Aug 2020, 08:54 PM IST

डिंडोरी. मुख्यालय स्थित हनुमान टेकरी के पीछे हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी के रहवासी यहां मकान खरीदकर खुद को ठगा सा महसूस कर रहे हैं। प्रशासन ने उनके साथ जो वादे किए थे, कॉलोनी के लोग महीनों से एक सड़क बनवाने की मांग कर रहे हैं,लेकिन जिम्मेदार ध्यान नहीं दे रहे । मध्यप्रदेश गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल अटल आश्रम योजना अंतर्गत शहर में नर्मदा परिसर के नाम से आवासीय मकान तैयार किए गए हैं, जिसका मकसद कमजोर और कम आय वर्ग के लोगों की मदद करना है। इसके लिए सरकार द्वारा सब्सिडी का भी प्रावधान है, लेकिन इन मकानों को लेने वाले लोग अब अपने आप को ठगा महसूस कर रहे हैं। नर्मदा परिसर के ज्यादातर मकानों में बारिश में सीलन की समस्या आ रही है. जिससे अब इन मकानों की गुणवत्ता पर भी सवाल उठने लगे हैं. कॉलोनी वासियों की माने तो न कहीं अब इस कॉलोनी के निर्माण में भ्रष्टाचार उजागर होने लगा है।
बनाई जाए पक्की सड़क
हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी से शहर को जोडऩे वाला रास्ता अब तक कच्चा है, जिससे लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. हर तरफ से लाचार कॉलोनी के लोगों ने खुद ही चंदा कर रास्ते की मरम्मत करवाई है. लेकिन ये परमानेंट समाधान नहीं है,इसके अलावा परिसर से मुख्य शहर तक पहुंचने के लिए के लिए कच्चा और चढ़ाइदार रास्ता है। लोगों को इसी रास्ते रोज गुजरना पड़ता है। ऐसे में लोग कई बार हादसे का शिकार भी हो जाते हैं. एक किशोर कुछ दिनों पर पहले अपने भाई के साथ जा रहा था, इसी दौरान बाइक फिसल गई और उसका हाथ टूट गया। लिहाजा लोगों ने मांग की है कि शीघ्र ही पक्की सड़क बनाई जाये।
सुविधाओं के नाम पर गड़बड़ी
प्रशासन ने किए थे लुभावने वादे जिले के मध्यप्रदेश गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल कार्यालय से नर्मदा परिसर के मकानों को बेचने के लिए बाकायदा लुभानवे पंपलेट शहर में बांटे गए थे. जिसमें तमाम तरह की सुविधाओं और नियम शर्तो का उल्लेख था. जिसके झांसे में लोग आ गए और लाटरी सिस्टम से मकान खरीदा लेकिन जिन लोगों ने मकान की रजिस्ट्री करवा ली वे सब अपने फैसले पर पछता रहे है।

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