कैटलोनिया की स्पेन से आजादी की घोषणा टली, फ्रांस भी आया विरोध में

shachindra shrivastava

Publish: Oct, 11 2017 09:36:29 (IST)

Europe
कैटलोनिया की स्पेन से आजादी की घोषणा टली, फ्रांस भी आया विरोध में

जनमत संग्रह में 90 फीसद लोगों ने अलग कैटलोनिया राष्ट्र के पक्ष में मतदान किया था। स्पेन की सरकार ने इसे असंवैधानिक घोषित किया है।

बार्सिलोना। स्पेन से अलग कैटलोनिया की मांग कर रहे पृथकतावादियों के बीच मतभेदों के कारण इन नए देश की आजादी का ऐलान फिलहाल नहीं हो सका है। देश में अराजकता से बचने के लिए अलगाववादी नेताओं ने स्पेन की सरकार से बातचीत की जरूरत बताई है। स्पने की सरकार पहले इस बातचीत से इनकार कर रही थी, लेकिन बाद में इसके लिए तैयार हो गई है। हालांकि उधर, प्रधानमंत्री मारियानो राजोय ने कहा है कि स्पेन की एकजुटता बनाए रखने के लिए सरकार हर संभव प्रयास करेगी और अभी भी सभी विकल्प खुले हुए हैं।

यूरोप के अन्य देश हैं विरोध में
उधर यूरोप के ज्यादातर देश अलग कैटलोनिया राष्ट्र के पक्ष में नहीं हैं। ब्रिटेन के बाद हाल ही में फ्रांस ने भी अलग राष्ट्र का विरोध किया है। यूरोपीय देशों का मानना है कि अलग कैटलोनिया से यूरोपीय यूनियन की अर्थव्यवस्था प्रभावित होगी। हालांकि संपन्न कैटलोनिया इलाके से बैंक और व्यापारिक प्रतिष्ठान अपने मुख्यालय स्थानांतरित करने की प्रक्रिया शुरू कर चुके हैं। अगर यह संकट लंबा चला तो कई बड़ी कंपनियां अपने मुख्यालय कैटलोनिया इलाके से हटा सकती हैं।

अनिश्चितता का माहौल

यूरोप के दिल माने जाने वाले कैटलोनिया इलाके में काफी दिनों से अनिश्चितता का माहौल है। कैटलन स्वायत्त क्षेत्र की संसद में अलगाववादी नेता काल्र्स प्यूजीमॉन्ट ने प्रतीकात्मक तौर पर आजादी की घोषणा की है। उन्होंने दावा किया है कि कैटलन क्षेत्र की जनता आजादी चाहती है और स्पेन से अलग देश बनाने के लिए तैयार है। हालिया जनमत संग्रह ने भी इस मांग को समर्थन दिया है। हालांकि इससे आगे उन्होंने कुछ नहीं कहा। इससे फिलहाल कैटलोनिया के अलग देश बनने पर संशय बरकरार है।

प्यूजीमॉन्ट समर्थकों को झटका
प्यूजीमॉन्ट के संसद में दिए गए भाषण से उनके समर्थकों को झटका लगा है। ज्यादातर लोगों को उम्मीद थी कि आज आजादी की घोषणा कर दी जाएगी और कैटलोनिया राष्ट्र के गठन की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। हालांकि प्यूजीमॉन्ट के भाषण से व्यापारिक क्षेत्र को लोगों ने राहत की सांस ली है। स्थानीय व्यवसायी अपना भविष्य संकटपूर्ण मान रहे थे।

90 प्रतिशत अलग राष्ट्र के समर्थन में
स्पेन में 1981 में सैन्य तख्तापलट की साजिश के बाद एकजुटता के लिए यह सबसे खराब दौर माना जा रहा है। 1 अक्टूबर को हुए जनमत संग्रह के बाद यह हालात पैदा हुए हैं। हालांकि जनमत संग्रह को स्पेन की सरकार ने असंवैधानिक घोषित किया है। इस जनमत संग्रह के दौरान हुई हिंसा में करीब 900 लोग घायल हुए थे। जनमत संग्रह में 90 फीसद लोगों ने अलग कैटलोनिया राष्ट्र के पक्ष में मतदान किया था।

स्पेनवासियों का दबाव
जनमत संग्रह के बाद स्पेन के नागरिकों ने सड़कों पर उतर कर अलग राष्ट्र का विरोध किया। लाखों लोगों ने सड़क पर उतरकर दबाव बनाया है, इसके कारण अलग कैटलोनिया राष्ट्र के गठन की घोषणा नहीं हो सकी है। सड़क पर उतरे लोग स्पेन की एकजुटता के पक्षधर हैं। हालांकि अलगाववादी भी पीछे न हटने पर अड़े हुए हैं। उनके समर्थन में बार्सिलोना की सड़कों पर लोग जमा हैं।

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