जीएसटी के विरोध में वकील, व्यापारी उतरे मैदान में, धरना-प्रदर्शन शुरू

जीएसटी के विरोध में वकील, व्यापारी उतरे मैदान में, धरना-प्रदर्शन शुरू
GST

Shatrudhan Gupta | Updated: 25 Oct 2017, 10:10:26 PM (IST) Lucknow, Uttar Pradesh, India

जीएसटी की विसंगतियों को लेकर बुधवार को वाणिज्यिककर विभाग कार्यालय के बाहर व्यापारियों का अनिश्चितकालीन धरना शुरू हो गया है।

फर्रुखाबाद. देश मे वस्तु एवं सेवाकर (जीएसटी) लागू होने से बहुत से व्यापारी व वकील परेशान हैं। जीएसटी की विसंगतियों को लेकर बुधवार को वाणिज्यिककर विभाग कार्यालय के बाहर व्यापारियों का अनिश्चितकालीन धरना शुरू हो गया है। इस दौरान हुई सभा में व्यापारियों ने कहा कि हम जीएसटी के खिलाफ नहीं हैं, लेकिन उसके कार्यो को पूरा करने के लिए 24 घण्टे भी कम पड़ रहे हैं। क्योंकि जीएसटी का पोर्टल है, उसका सर्वर हमेशा डाउन रहता है, जिससे व्यापारियों का टैक्स समय से जमा नहीं हो पाता। व्यापारियों ने कहा कि यदि टैक्स समय से नहीं जमा होता तो उसके ऊपर अतिरिक्त चार्ज लगाया जाता है। जब सर्वर ही डाउन है तो इसमें वकील व व्यापारी क्या करें। व्यापारियों ने कहा कि जीएसटी की विसंगतियों को दूर किया जाए।

इस दौरान वकीलों ने अपनी 15 सूत्रीय मांगों का ज्ञापन सेलटैक्स अधिकारी को सौंपा। व्यापारियों व वकीलों ने कहा कि यदि मांगों को नहीं माना गया तो सभी व्यापारी जीएसटी टैक्स ही देना बंद कर देंगे, जिस कारण सरकार को बहुत राजस्व का नुकसान होगा। टैक्सवार एसोसिएशन के अध्यक्ष विमलेश पांडेय ने कहा कि फॉर्म 3 को बिलकुल समाप्त कर दिया जाना चाहिए, जिस प्रकार से वैट में एक ही फॉर्म सभी कार्यो को समाहित होना दर्शाया जाता था, उसी प्रकार जीएसटी को फॉर्म छह खत्म करके एक फॉर्र्म किया जाना चाहिए।

उन्होंने कहा कि जीएसटी के नए विधान व्यवस्था के पूर्ण रूप से न समझ पाने के कारण प्रस्तुत किए गए विभिन्न प्रपत्रों की त्रुटियों को संसोधित सुधारने की व्यवस्था बनाई जाए। कैश लेजर में जमा की गई राशि को व्यापारियों द्वारा विवरणी प्रस्तुत करते समय व्यापारी को सुविधानुसार देयकर में समायोजित करने की व्यवस्था की जाए। साथ ही जीएसटी काउंसलिंग में वरिष्ठ अनुभवी अधिवक्ता बंधुओं को सम्मिलित किया जाए। जनपद मंडल के व राज्य स्तर पर जीएसटी सलाहकार परिषद गठित किया जाए, जिसमे वकीलों को नामित किया जाए। इस प्रकार से सभी 15 मांगों की मांग की गई है। धरने में रविन्द्र सिंह भदौरिया, अविनाश दुबे, राजगौरव पांडेय, अतुल कुमार दुबे, आशीष गुप्ता, सुनील दत्त तिवारी, रामकुमार अग्रवाल, प्रशांत त्रिपाठी, विवेक कुमार, राकेश सक्सेना, रामप्रकाश, अरुण प्रकाश तिवारी उर्फ ददुआ, सुजीत कश्यप, फारूक हसीन, रेहान खान, कामरान, अंकुर श्रीवास्तव, राकेश कुमार सक्सेना आदि लोग मौजूद रहे।

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