Sawan Purnima 2019 : आज करें ये 5 काम, प्रदोष काल में बांधें भाई को राखी

Sawan Purnima 2019 : आज करें ये 5 काम, प्रदोष काल में बांधें भाई को राखी

Devendra Kashyap | Publish: Aug, 14 2019 04:08:49 PM (IST) त्यौहार

Sawan Purnima 2019 : सावन पूर्णिमा को बहुत ही शुभ और पवित्र माना जाता है।

रक्षा बंधन ( Raksha Bandhan 2019 ) का त्यौहार श्रावण माह की पूर्णिमा को मनाया जाता है। इस बार रक्षाबंधन गुरुवार को है। इस दिन ना तो भद्र काल है ना ही किसी तरह का कोई ग्रहण है। यही वजह है कि इस बार रक्षाबंधन बहुत ही सौभाग्यशाली है। सबसे बड़ा संयोग ये है कि 19 साल बाद 15 अगस्त ( 15 August ) के दिन रक्षाबंधन पड़ा है।

ये भी पढ़ें- 15 अगस्त को रक्षा बंधन, सुखमय जीवन के लिए भाई को बांधें विशेष राखी

सावन ( sawan 2019 ) पूर्णिमा को बहुत ही शुभ और पवित्र माना जाता है। हिन्दू धर्म ग्रंथों के अनुसार, इस दिन यजोपवीत और उपनयन संस्कार करने का विधान है। शास्त्रों के अनुसार, चंद्र दोष से मुक्ति पाने के लिए सावन पूर्णिमा श्रेष्ठ मानी जाती है। आज पांच काम जरूर करें...

  • सुबह-सुबह पीपल के पेड़ को जल अर्पण करें और माता लक्ष्मी की पूजा-अर्चना करके भोग लगाएं।
  • सावन पूर्णिमा के दिन 11 कौड़ियां लें और उसमे हल्दी लगाकर मां लक्ष्मी के सामने रख दें। विधि-विधान से पूजा करने के बाद इन कौड़ियों को लाल कपड़े में करके अपनी तिजोरी या अलमारी में रख दें। ऐसा करने से धीरे-धीरे धन की समस्या खत्म हो जाएगी।
  • पूर्णिमा और रक्षाबंधन का दिन गणेश जी की आराधना के लिए अच्छा दिन माना गया है। इस दिन भगवान गणेश की पूजा- अर्चना के बाद पीली वस्तु का दान करें।
  • सावन पूर्णिमा के दिन भगवान शिव को सफेद चंदन, सफेद फूल और साबूदाने की खीर का भोग लगाएं।
  • सावन पूर्णिमा के दिन घर के मुख्य द्वार पर रंगोली बनाएं। ऐसा करने से मां लक्ष्मी आप पर प्रसन्न रहेंगी।

प्रदोष काल में भाई को बांधें राखी

वैसे तो इस बार रक्षा बंधन पर ना ही भद्र काल है ना ही किसी तरह का कोई ग्रहण है। इस दिन पूरे दिन बहनें अपने भाई को राखी ( Rakhi 2019 ) बांध सकती हैं। माना जाता है कि प्रदोष काल में राखी बांधना बहुत ही शुभ होता है। आइये जानते हैं सावन पूर्णिमा कब से शुरू हो रहा है और कब प्रदोष काल है....

  • पूर्णिमा तिथि प्रारंभ : 14 अगस्‍त को रात 9.15 बजे से
  • पूर्णिमा तिथि समाप्‍त : 15 अगस्‍त को रात 11.29 बजे तक
  • राखी बांधने का समय : 15 अगस्‍त को सुबह से रात 8.8 बजे तक
  • प्रदोष काल : 15 अगस्त को शाम 5.35 बजे से 8.8 बजे तक
खबरें और लेख पढ़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते हैं। हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned