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Custom Hiring Center : खेती से जुड़े मशीनों को किराए पर देकर किसान कर सकते हैं अच्छी कमाई, नई मशीनों की खरीदारी पर मिलेगी सब्सिडी

Custom Hiring Center : किसानों को सस्ते रेट पर नई मशीनें उपलब्ध कराने एवं किराए पर मशीन लेने की सुविधा के लिए सरकार ने लांच की खास ऐप ऐप में किसान खुद को रजिस्टर्ड कराकर सब्सिडी का लाभ ले सकते हैं
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Soma Roy

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Updated: 9 Sep 2020, 12:26 PM IST

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Custom Hiring Center

नई दिल्ली। आधुनिक तकनीक से खेती को बढ़ावा देने के मकसद से सरकार ने खास योजना चलाई है। जिसके जरिए किसानों को बेहद कम इंवेस्टमेंट में मशीन खरीदने की सुविधा मिलेगी। इसमें 80 प्रतिशत तक मदद सरकार करेगी। सब्सिडी के जरिए उन पर पड़ने वाला बोझ कम होगा। मोदी सरकार की ओर से शुरू की गई इस योजना का नाम कस्टम हायरिंग सेंटर (Custom Hiring Center) है। इसमें देश के छोटे किसानों को आधुनिक कृषि यंत्र किराये पर मुहैया कराने एवं नई मशीनों को सस्ते दाम में खरीदा जा सकेगा। इन सेंटर्स को कृषि यंत्र बैंक भी कहा जाता है।

सरकार के मुताबिक किसान 'फार्म मशीनरी बैंक' (Farm Machinery Bank) खोलकर अच्छी कमाई कर सकते हैं। वे 'CHC Farm Machinery' नामक ऐप पर ऑर्डर देकर अपनी खेती के लिए जरूरी मशीनरी (औजार) बहुत सस्ते रेट पर घर मंगवा सकते हैं। जो लोग एग्रीकल्चर मशीनरी से जुड़ा बिजनेस करना चाहते हैं उन्हें सरकार की ओर से सब्सिडी भी दी जाएगी। इससे किसान लाखों रुपए तक की कमाई कर सकते हैं। योजना के विस्तार पर काम तेजी से किया जा रहा है। बताया जाता है कि 50 हजार से ज्यादा 'कस्टम हायरिंग सेंटर' बनाए जा चुके हैं।

ऐप के जरिए किराए पर दें मशीन
किसानों की कमाई को डबल करने के मकसद से सरकार ने एक नई सुविधा दी है। जिसमें किसान CHC Farm Machinery ऐप पर खेती से संबंधित मशीनों को किराए पर दे सकते हैं। इससे उन्हें जहां अच्छा पैसा मिलेगा। वहीं जरूरतमंद किसान जिनके पास मशीन खरीदने के लिए पैसे नहीं हैं वे किराए पर इसे लेकर खेती कर सकते हैं। ये ऐप बिल्कुल सामान्य ऐप की तरह है। इसमें किसान लिस्टिंग करके अपना डिटेल उसमें दे सकते हैं। इसके लिए उन्हें अपना नाम रजिस्टर्ड कराना होगा। मशीनरी का रेट सरकार तय नहीं करेगी। मैकनाइजेशन एंड टेक्नॉलोजी डिवीजन के अनुसार मार्केट में कंपटीशन बनाने के लिए रेट तय करने का अधिकार अपलोडर को होगा। इससे अलग-अलग वैरायटी और कीमतों पर मशीनें मिल सकेंगी।

कस्टम हायरिंग सेंटर क्या है
कस्टम हायरिंग सेंटर (CHC) बनाने के लिए सरकार 40 फीसदी तक सहायता देगी। इसमें 60 लाख रुपए तक का प्रोजेक्ट पास करवा सकते हैं। इसके जरिए किसान सस्ते दर पर मशीन खरीद सकते हैं। अगर आप कॉपरेटिव ग्रुप बनाकर मशीन बैंक तैयार करते हैं तो ग्रुप में 6 से 8 किसान होने चाहिए। इसमें 10 लाख रुपए तक का प्रोजेक्ट पास करा सकेंगे यानी आपको 8 लाख रुपए तक की सब्सिडी का लाभ ले सकते है। इस योजना का लाभ लेने के लिए किसान राज्य के कृषि विभाग के इंजीनियरिंग डिवीजन में संपर्क कर सकते हैं। कृषि मंत्रालय (Agriculture Ministry) ने कस्टम हायरिंग सेंटर बनाने और उसका लाभ लेने के लिए 12 भाषाओं में HC Farm Machinery ऐप लांच किया है।