RBI डिविडेंड पर जलान समिति ने पूरी की अंतिम रिपोर्ट, कुछ महीनों में केंद्रीय बैंक को सौंपी जायेगी

RBI डिविडेंड पर जलान समिति ने पूरी की अंतिम रिपोर्ट, कुछ महीनों में केंद्रीय बैंक को सौंपी जायेगी

Ashutosh Kumar Verma | Updated: 15 Aug 2019, 12:57:29 PM (IST) फाइनेंस

  • आरबीआई द्वारा सरकार को हस्तांतरित की जाने वाली आरक्षित पूंजी निधि के उचित आकार की जांच करने वाली समिति की रिपोर्ट पर पूर्व वित्त सचिव सुभाष चंद्र गर्ग ने अपनी आपत्ति जाहिर की थी।

नई दिल्ली। भारतीय रिजर्व बैंक ( आरबीआई ) का अधिशेष सरकार को हस्तांतरित करने की सिफारिश के संबंध में केंद्रीय बैंक के पूर्व गवर्नर बिमल जालान की अध्यक्षता वाली समिति ने अपनी रिपोर्ट को अंतिम रूप प्रदान किया। यह जानकारी बुधवार को आधिकारिक सूत्रों ने दी।

सूत्रों के अनुसार, आरबीआई द्वारा सरकार को हस्तांतरित की जाने वाली आरक्षित पूंजी निधि के उचित आकार की जांच करने वाली समिति की रिपोर्ट पर पूर्व वित्त सचिव सुभाष चंद्र गर्ग ने अपनी आपत्ति जाहिर की थी।

यह भी पढ़ें - आर्थिक मंदी से निपटने के लिए राहत पैकेज की तैयारी में सरकार, जल्द हो सकती है घोषणा

अब नहीं होगी समिति की दूसरी बैठक

मालूम हो कि गर्ग का तबादला वित्त मंत्रालय से ऊर्जा मंत्रालय में हो गया है और उनकी जगह समिति में नए वित्त सचिव राजीव कुमार आ गए हैं। समिति की बैठक के बाद एक आधिकारिक सूत्र ने बताया, "रिपोर्ट को लगभग अंतिम रूप दिया जा चुका है। अब इसके लिए समिति की दूसरी बैठक नहीं होगी। हमने हर विषय पर विचार-विमर्श किया और अब यह अंतिम रिपोर्ट है। तीन से पांच साल के दौरान अधिशेष के हस्तांतरण का फार्मूला पूर्ववत है। अगले कुछ दिनों में रिपोर्ट आरबीआई गवर्नर को सौंपी जाएगी।"

हस्तांतरण राशि पर अभी कोई फैसला नहीं

सूत्र ने इस बात का खुलासा नहीं किया कि रिपोर्ट में सरकार को आरक्षित निधि की कितनी राशि हस्तांतरित करने की सिफारिश की गई है। सूत्रों के अनुसार, रिपोर्ट तकरीबन पूरी हो चुकी है और इसके लिए अब समिति की फिर बैठक नहीं होगी। एक सूत्र ने कहा, "यह कहना मुश्किल है कि हस्तांतरण की सही राशि कितनी होगी। हस्तांतरण चरणों में किया जाएगा, जोकि परंपरा है।"

यह भी पढ़ें - Sacred Games 2: अब तक की सबसे महंगी वेब सीरीज, नेटफ्लिक्स ने खर्च किये 100 करोड़ रुपये

अगले कुछ महीनों में आरबीआई को सौंपी जा सकती है रिपोर्ट

उन्होंने बताया कि रिपोर्ट अगले कुछ दिनों में आरबीआई को सौंपी जाएगी। आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, समिति में अब इस पर कोई असहमति नहीं है। आरबीआई की आर्थिक पूंजी रूपरेखा (ईसीएफ) की समीक्षा के लिए दिसंबर 2018 में बिमल जालान की अध्यक्षता में छह सदस्यों की एक समिति गठित की गई थी।

खबरें और लेख पढ़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते हैं। हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned